बलिया। फेफना-इंदारा दोहरीकरण परियोजना के तहत रसड़ा-रतनपुरा स्टेशनों के मध्य दूसरी रनिंग लाइन का निर्माण का कार्य पूर्ण हो गया है। सोमवार को रेल संरक्षा आयुक्त प्रणजीव सक्सेना ने मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण) एससी श्रीवास्तव और डीआरएम विनीत श्रीवास्तव के साथ नई दोहरीकृत रेल लाइन का निरीक्षण किया। पीआरओ ने बताया कि रेल संरक्षा अधिकारी इन्दारा-रसड़ा (28.24 किमी ) विद्युतीकृत लाइन के साथ दोहरीकरण का स्पीड ट्रायल मंगलवार को करेंगे। इस दौरान नव दोहरीकृत रेल लाइन पर न तो स्वयं जायें, न ही अपने पशुओं को रेलपथ पर जाने दें,सतर्क रहें नई रेल पटरी पर जाना खतरनाक हो सकता है।
रसड़ा रेलवे स्टेशन के निरीक्षण की शुरुआत की गई। उन्होंने विद्युतीकृत दोहरी रेल लाइन के मानक के अनुरूप संरक्षा अभिलेखों, यार्ड प्लान, स्टेशन वर्किंग रूल, प्लेटफार्म क्लियरेंस, पॉइंट क्रासिंग, सिगनलिंग, फाउलिंग मार्क, पैनल इन्टरलॉकिंग, बैटरी रूम, रिले रूम सहित रसड़ा को रतनपुरा रेलखंड को जोड़ने वाली लाइन के ट्रेलिंग प्वाइंट आदि का निरीक्षण किया। स्टेशन मास्टर से संरक्षा संबंधी प्रश्न पूछकर संरक्षा कार्य कुशलता परखी। रसड़ा की लाइन नंबर तीन से मोटर ट्राली से रसड़ा-रतनपुरा रेल खंड पर नवनिर्मित दूसरी लाइन का निरीक्षण किया। माइनर ब्रिज, कंपोसिट गर्डर एवं फाउंडेशन की जांच की। राजमलपुर हाल्ट के दोहरीकरण के मानकों का निरीक्षण किया। फेफना से रसड़ा तक का खंड अक्तूबर 2022 में पहले ही चालू हो चुका है। अब रसड़ा से इंदारा तक का खंड जिसकी कुल लंबाई 28.249 किलोमीटर है, की शुरुआत के लिए निरीक्षण किया जा रहा है। इस दौरान मुख्य विद्युत डिज़ाइन इंजीनियर सुरेश कुमार, आरके सिंह, आशीष पाण्डेय, एसपीएस यादव, विकास चन्द्रा, कमल नयन, रोशनलाल यादव, राकेश रंजन, पीपी कुजूर, बलेंद्र पॉल आदि उपस्थित रहे।