नंदीग्राम मेले के पांचवेें दिन छठ पूजा होने के चलते, मवेशियों की आमद कम रही। नगरपालिका को पशु मेले से होने वाले आमदनी में आधे के बराबर रहा। वहीं मवेशियों की आवक कम होने से मेला प्रशासन भी मायूस रहा।
अब तक चार लाख 79 हजार 350 रुपये ही पशुओं के पंजीकरण से आमदनी दर्ज की गई थी, जो मंगलवार को बढ़कर पांच लाख 22 हजार 700 रुपये हो गई। जो कि पिछले मेले की तुलना में काफी कम है। मेले की मंदी से व्यापारी भी काफी चिंतित दिखे।
महर्षि दर्दर के नाम पर लगने वाले ऐतिहासिक ददरी मेला के नंदी ग्राम पशु मेला की स्थिति मंगलवार को और अधिक खराब रही। गैर प्रांतों से अपने बछड़ों एवं खच्चरों को लेकर मेले में आए पशु व्यापारी भी दिन काटते नजर आए।
मेले में आए पशु व्यापारी नंदी ग्राम पशु मेले का हाल देखकर यही कयास लगा रहे हैं कि अगर यही स्थिति रही तो कोई मेले में आने की हिम्मत अगली बार नहीं जुटा पाएगा।
पशु व्यापारी नथुनी शाह ने बताया कि छठ पूजा के चलते एक दो दिन मेले पर असर रहता है। लेकिन इस बार तो शुरू से ही मेले में मायूसी दिख रही है। अगर बिक्री ठीक-ठाक नहीं रही तो नंदी ग्राम से मोह भंग हो सकता है।