बलिया। नगर पालिका की ओर से जल निकासी के लिए एनसीसी तिराहा से हाइड्रिल कालोनी तक बनाया जा रहा नाला धन की कमी के कारण निर्धारित समयावधि 31 मई तक पूरा नहीं हो पाएगा। इसका प्रमुख कारण धन की कमी बताया जा रहा है। हालांकि जानकार बताते है कि बीते महीने नगर पालिका परिषद की ओर से क्रमश: तीन 1.75, 1.30 और 1.31 करोड़ का चेक काटा गया, जो बाउंस हो गया। इस कारण नाला निर्माण की गति धीमी पड़ गई। यह जानकारी पीडब्लूडी (निर्माण खंड) के एक्सीयन एसके सिंह दी। बताया कि सोमवार को 1.31 करोड का चेक क्लीयर हुआ है तो मंगलवार से कार्य शुरू होगा। हालांकि नगर पालिका परिषद के चेयरमैन अजय कुमार समाजसेवी का कहना है कि चेक बाउंस होने के पीछे सरकार के नए नियम जिम्मेदार है, जिसकी वजह से बैंक चेक क्लीयरेंश करने से पहले कंफर्मेंशन किया जा रहा है।
बारिस के दौरान शहर के लो लैंड एरिया में होने वाले जलजमाव से निजात पाने के लिए नगर पालिका द्वारा लोकनिर्माण विभाग (निर्माण खंड) के द्वारा नाले का निर्माण कराया जा रहा हैं। इस नाले के निमार्ण में लागत लगभग पांच करोड़ 13 लाख की लागत अनमानित हैं। यह नाला एनसीसी तिराहा से लेकर और कुंवर सिंह चौराहा पार करते हुए डॉक्टर अशोक सिंह के मकान होते हुए हाईड्रिल कालोनी तक जा रहा है। इसकी कुल लंबाई ग्यारह सौ 13 मीटर है। इसकी कुल लागत में से अब तक लगभग 2 करोड़ 58 लाख 36292 रुपए का भुगतान नपा द्वारा किया गया है। जिसमे 77 फीसद कार्य पूर्ण हो चुका है। जबकि मात्र 248 मीटर की लंबाई बाकी है। 2 करोड़ 55 लाख रुपए के शेष भुगतान में विलंब के कारण छात्र शक्ति इंफ्रा कंस्ट्रक्शन कंपनी को कार्य पूरा करने में दिक्कतें आ रही है। ऐसे में यह पूरा काम 31 मई तक पूरा होना तो संभव नहीं है, लेकिन 10 जून तक किसी भी हालत में नहीं पूरा हुआ तो ठेकेदार के विरुद्ध कार्रवाई की बात पीडब्लूडी (निर्माण खंड) के अधिकारी कह रहे है। जिसके तहत कंपनी को प्रतिबंधित करने के अलावा पेनाल्टी एक्सपोज भी शामिल है।
यदि 10 जून तक किसी भी हालत में कार्य पूरा नहीं हुआ तो ठेकेदार के विरुद्ध कार्रवाई करेंगे और उनको बांड करने के साथ ही पेनाल्टी एक्सपोज करेंगे।
-संजीव कुमार सिंह , एक्सजयूटी इंजीनियर, पीडब्ल्यूडी(निर्माण खंड) बलिया।