बलिया। सदर कोतवाली पुलिस ने बांसडीह तहसीलदार निखिल शुक्ला व रसड़ा तहसीलदार न्यायालय के अहलमद गौरव श्रीवास्तव सहित सात लोगों पर कोर्ट के निर्देश पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया है। इसकी खबर लगते ही विभाग में खलबली मच गई।
हल्दी थाना के बबुआपुर कठही निवासी परशुराम उपाध्याय ने कोर्ट में आवेदन देकर आरोप लगाया कि मौजा सोनवानी देवेश प्रकाश उपाध्याय बनाम कमलाकांत वगैरह व मौजा कठही में अरविंद कुमार उपाध्याय बनाम कमलाकांत वगैरह के बीच सदर तहसील के तहसीलदार न्यायालय में वाद विचाराधीन था। तहसीलदार निखिल शुक्ला का बांसडीह व गौरव श्रीवास्तव का रसड़ा स्थानांतरण होने से पूर्व दोनों पत्रावलियों के आर्डरशीट में घोखाधड़ी, जालसाजी, फर्जी तरीके से कूटरचना कर एवं कराकर नामांतरण एक पक्षीय आदेश करने का आरोप लगाया। कहा कि उक्त मौजा में हम सब लोग खातेदार हैं। 12 अप्रैल 2021 को आपत्ति प्रस्तुत करने हेतु प्रार्थना पत्र एवं 25 नवंबर 2022 को उक्त दोनों वादों में आपत्ति व सबूत दाखिल किया गया था, जिसमें सामान्य तिथि 18 अगस्त 2023 को नियत की गई थी। 28 जुलाई 2023 को अपने पुत्रगण शिवशंकर उपाध्याय, विजयशंकर उपाध्याय के साथ सदर तहसील पहुंच अपने अधिवक्ता के साथ न्यायालय तहसीलदार के पूर्व अहलमद गौरव श्रीवास्तव से निरीक्षण करने के लिए उक्त पत्रावलियों की मांग की गई तो बताया कि पूर्व पीठासीन अधिकारी तहसीलदार बलिया निखिल शुक्ला ने पत्रावलियों को मंगाकर तीन जुलाई 2023 को नामांतरण आदेश पारित कर दिया है। अधिवक्ता ने उक्त दोनों पत्रावलियों का निरीक्षण करके मुझे बताया। कहा कि उक्त पत्रावलियों से आप द्वारा प्रस्तुत आपत्ति एवं सबूतों को निकाल दिया गया है। आर्डरशीट को भी परिवर्तित कर दिया गया है, क्योंकि ऐसा न करने की स्थिति में उक्त पत्रावलियों में नामांतरण एकपक्षीय आदेश तीन जुलाई 2023 को पारित किया जाना संभव नहीं था। स्थानांतरण के पूर्व उक्त लोगों ने एक पक्ष का नामांतरण कर दिया। इसकी शिकायत कोतवाली में देने के बावजूद कार्रवाई न होने पर कोर्ट में आवेदन देना पड़ा। कोतवाल संजय सिंह ने बताया कि कोर्ट के निर्देश पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच न्यायालय को सौंप दी जाएगी।