सहायक अध्यापकों की नियुक्ति की काउंसलिंग प्रक्रिया में हो रही देरी को लेकर विशिष्ट बीटीसी एवं उर्दू बीटीसी प्रशिक्षित आवेदकों ने कलेक्ट्रेट धरना देकर प्रदर्शन किया। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश सरकार जानबूझकर उनके मामले में विलंब कर रही है।
इस दौरान धरनासभा को संबोधित करते हुए गुलाब सिंह यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षकों के कांउंसिलिंग के मामले में झूठी वाहवाही लूट रही है। 15 हजार सहायक अध्यापकों की नियुक्ति प्रक्रिया में आखिर किन कारणों से विलंब किया जा रहा है।
प्रदेश सरकार के अदूरदर्शी रवैये एवं शासन के उदासीनता के चलते प्रशिक्षुओं का काउंसिलिंग नहीं कराई गई और नहीं उसके लिए कोई तिथि ही तय की गई। जिससे उनकी काउंसलिंग प्रक्रिया बाधित हो गई है। ऐसे में समस्त बीटीसी उत्तीर्ण प्रशिक्षुओं को अनेक प्रकार के बेरोजगारी, मानसिक पीड़ा एवं घोर निराशा का सामना करना पड़ रहा है। प्रियंका सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार को इस पर तत्काल निर्णय लेने की जरूरत है।
चेतावनी दी कि अगर 20 मई तक उन्हें नियुक्ति नहीं दी गई तो वह आरपार की लड़ाई को मजबूर होंगे। इस दौरान दिनेश कुमार, पीयूष कुमार, रमेश कुमार, अमरनाथ, शिवजी, रमेंद्र, धनंजय, संजीव, मुलायम सिंह यादव, रिंकी गौतम सहित दर्जनों छात्र रहे।