बांसडीह (बलिया)। कोतवाली क्षेत्र के छोटकी शेरिया गांव में दहेज की मांग और गृहकलह को लेकर हुए विवाद ने रविवार को हिंसक रूप ले लिया। बहन की ससुराल पहुंचे भाई रईस (22) पर उसके ससुरालियों ने हमला कर दिया।
आरोप है कि सास-ससुर के उकसाने पर देवर ने चाकू से उसके पेट में ताबड़तोड़ वार कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसकी हालत गंभीर देखते हुए वाराणसी ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया। मामले में पुलिस ने घायल की बहन की तहरीर पर हत्या के प्रयास समेत अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
छोटकी शेरिया निवासी नसीमा खातून ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसकी शादी के बाद से ही ससुर मुस्लिम, सास फातमा खातून और देवर मेराज दहेज में 30 हजार रुपये नकद और मोटरसाइकिल की मांग को लेकर प्रताड़ित करते थे। इसको लेकर पूर्व में कई बार सामाजिक स्तर पर समझौते भी हुए, लेकिन ससुरालियों के व्यवहार में कोई बदलाव नहीं आया।
रविवार को ससुराल पक्ष के लोगों ने नसीमा के कमरे में जबरन घुसकर उसका सामान बाहर सड़क पर फेंकना शुरू कर दिया। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और गला घोंटकर हत्या का प्रयास किया गया। घटना की जानकारी मिलने पर नसीमा का भाई मोहम्मद रईस निवासी मधुबनी (बैरिया) बहन की ससुराल पहुंचा और बीच-बचाव करने लगा।
आरोप है कि रईस के पहुंचते ही ससुरालियों ने उस पर हमला कर दिया। सास-ससुर के इशारे पर देवर मेराज ने चाकू से रईस के पेट पर कई वार कर दिए। गंभीर रूप से घायल रईस लहूलुहान होकर मौके पर गिर पड़ा। शोर सुनकर पहुंचे ग्रामीणों ने किसी तरह बीच-बचाव किया और घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया। वहां हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे वाराणसी ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया।
घटना के बाद नसीमा ने बांसडीह कोतवाली पहुंचकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और सुरक्षा की गुहार लगाई। पुलिस ने तहरीर के आधार पर सास, ससुर और देवर के खिलाफ हत्या के प्रयास समेत अन्य गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है।
प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी मेराज को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।