बैरिया। रेवती थाना क्षेत्र के नारायणगढ़ निवासी भूपेंद्र पटेल की दुर्जनपुर में हुई हत्या के बाद अपराधियों ने बोलेरो व उसके चालक लालबाबू को असलहे के बल पर जबरिया नहीं ले गए थे। बल्कि बोलेरो चालक व हत्यारों के बीच हत्या को अंजाम देने से पूर्व ही प्लानिंग की गई थी। रास्ते में लाल बाबू के मोबाइल का सीम तोड़कर फेंक दिया गया था और सारे काल डिटेल डिलीट कर दिए गए थे। यह बातें रेवती एसएचओ शैलेश सिंह ने शनिवार को पूछताछ के बाद कही।
बता दें कि दुर्जनपुर गांव में शायर जगदम्बा मंदिर के नजदीक शुक्रवार की सुबह अपराधियों ने नारायणगढ़ निवासी भूपेंद्र पटेल को दिनदहाड़े दौड़ाकर गोली मार कर हत्या कर दी थी। इस मामले में पुलिस ने मृतक के पिता रामजी पटेल की तहरीर पर चार लोगों के विरूद्घ नामजद मुकदमा दर्ज कर आरोपी भगवती सिंह व बोलेरो चालक दुर्जनपुर निवासी लाल बाबू को पुलिस ने शुक्रवार को ही गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने पूछताछ के बाद आरोपियों को शनिवार को न्यायालय में पेश किया। जहां से कोर्ट ने दोनों को जेल भेज दिया। एसएचओ ने बताया कि घटना का मुख्य आरोपी प्रकाश पांडेय व सोनू सिंह ने भूपेंद्र पटेल को गोली मारी थी। वहीं आरोपी भगवती सिंह व उनके पुत्र यशवंत सिंह पर हत्या के लिए षडयंत्र रचने का आरोप है। जबकि बोलेरो चालक लालबाबू पर घटना में सहयोग करने का आरोप है। एसएचओ ने बताया कि प्रकाश पांडेय व लाल बाबू के बीच कुछ दिन पहले इस घटना का तानाबाना रचा गया था। बताया कि चालक लालबाबू आरोपी भगवती सिंह की गाड़ी चलाता था। पुलिस का यह दावा कितना सच है, यह तो जांच के बाद ही पता चल सकेगा। वहीं इस घटना को 12 वर्ष पूर्व भगवती सिंह के पुत्र सिंटू सिंह की हुई हत्या के बदले के रूप में लोग देख रहे हैं।