हल्दी थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली युवती के साथ दुष्कर्म और हत्या जैसी संगीन वारदात में सही खुलासा न होने से नाराज भाजपा के पूर्व विधायक रामइकबाल सिंह सहित सैकड़ों ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट में धरना-प्रदर्शन किया।
कहा कि इस प्रकरण की सीबीआई जांच होनी चाहिए। सिपाही भर्ती की तैयारी में जुटी युवती के साथ बलात्कार और हत्या की घटना सामान्य घटना नहीं है।
बलात्कार और हत्याकांड सहित 13 सूत्रीय मांगों के समर्थन में जुलूस निकाल कर कलेक्ट्रेट पहुंचे। पूर्व विधायक रामइकबाल सिंह ने कलेक्ट्रेट पर अपने समर्थकों के साथ धरना-प्रदर्शन किया।
इस दौरान आयोजित धरना सभा को संबोधित करते हुए रामइकबाल ङ्क्षसह ने कहा कि बलिया की बेटियों की इज्जत लूटने के बाद गलाकाटकर हत्या करने की हिमाकत किया है। इस प्रकरण पुलिस ने केवल एक अपराधी को गिरफ्तार कर वास्तविक घटना को छिपाने का कार्य किया है।
जिला प्रशासन अपराधियों को बचाने में लगा है। छात्रा के हत्याकांड में जिले के लोग इंसाफ की उम्मीद कर रहे है। कहा कि जब-जब बलिया में इस तरह की घटनाएं हुई है और प्रशासन ने तानाशाही रवैया दिखाया है तब-तब भृगु नगरी से ही बगावत की जंग छेड़ी गई है।
कहा कि अंग्रेजों के सत्ता के खिलाफ भी बलिया के लोगों ने बगावत का विगुल फूंका था। आज बेटियों के साथ बलात्कार, हत्या, विकास कार्यो की धन की लूट के साथ ही अपराधियों को संरक्षण देने में सफेदपोश आगे है। जनपद को जितना खतरा इस्लामिक देशों ने नहीं है अलकायदा के आतंकियों और आईएसआई से नहीं है उससे अधिक खतरा उन सफेदपोश नेताओं से है।
जिनके पास ऐसी घटनाओं के प्रति संवेदना नहीं है। अगर संवेदना होती तो लोग सड़कों पर उतरकर संघर्षो का शंखनाद करते। लेकिन आज भी बलिया के माटी में वह बगावती तेवर है जो प्रदेश स्तर पर आंदोलन करने का ज्जबा रखता है। कहा कि मृतका की बहन के बातों पर विश्वास करे तो उसके बहन के साथ पूर्व में भी छेड़खानी हुई थी तथा उसे उठाकर इज्जत लूटकर हत्या करने की धमकी भी दी गई थी।
इस मामले में पुलिस ने शयद पहले संज्ञान लिया होता तो यह घटना ही नहीं हुई होती। पूर्व विधायक ने कहा कि इंसाफ के लिए चल रहे इस आंदोलन को गति देने के लिए सभी बार संगठन, छात्र संगठन, किसान, नौजवान को आगे आना होगा।
11 फरवरी को मुख्य मार्ग जाम करने के बाद भी कार्रवाई नहीं की गई तो 19 फरवरी को जेल भरो आंदोलन कार्यक्रम के तहत निर्णायक आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर पाल सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनूप कुमार पाल ने सीबीआई जांच की मांग की। धरना-प्रदर्शन करने वालों में प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष राधेश्याम यादव, तारकेश्वर चौरसिया, विवेक पाल, सुधीर पाल, भरत सिंह, गीताशरण सिंह, त्रिलोकी नाथ राय, वीरेंद्र सिंह, राजीव मोहन चौधरी, गंगा विष्णु सिंह, मनोज तिवारी, सुनील कुमार मौर्य आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता भाजपा नेता अवधेश सिंह तथा संचालन भूपेंद्र सिंह ने किया।