बलिया। विधानसभा चुनाव में कूदे प्रत्याशियों के सामने वोटरों के साथ अपनी ही पार्टियों के असंतुष्टों को भी साधने की चुनौती है। सपा, भाजपा, कांग्रेस में टिकट को लेकर असंतुष्ट कई नेताओं के मान-मनौवल का दौर चल रहा है। दिन में जनता के बीच प्रचार करने वाले प्रत्याशी रात में असंतुष्ट नेताओं व कार्यकर्ताओं को मनाने में जुटे हुए हैं।
जिले की सात विधानसभा सीटों पर तीन मार्च को मतदान होना है। चुनाव लड़ने के लिए इस बार सबसे अधिक भाजपा, सपा में टिकट की मारामारी थी। बलिया नगर, बैरिया, बांसडीह विधानसभा सीट के लिए सबसे अधिक दावेदारों ने आवेदन किए थे। इस लिए उम्मीदवारों के चयन में पार्टियों को काफी मंथन करना पड़ा। कई जगह नामांकन ऐन पहले पार्टियों ने उम्मीदवारों की घोषणा की गई। टिकट कटने के बाद सबसे अधिक बगावत के सुर भाजपा में उठे है। यही कारण है कि असंतुष्ट नेताओं को मनाना पड़ रहा है। इसके चलते बागियों को मनाने में प्रत्याशियों को समय निकालना पड़ रहा है। दिन में उम्मीदवार जहां मतदाताओं से समर्थन मांग रहे है तो रात में बागियों और रुठे दलीय नेताओं की मान मनौव्वल में जुट जा रहे है।