बलिया जिले के नगरा मोड़ के समीप स्थित एक घर में सोमवार को एक बेटी की बरात आनी थी। इसे लेकर परिवार के सभी पुरुष सदस्य बरातियों के स्वागत की तैयारियों में जुटे थे। महिलाएं मांगलिक कार्यक्रमों में जुटी थीं, तभी एक गाड़ी आकर दरवाजे पर रुकी और इसके बाद घर में सन्नाटा छा गया। गाड़ी में दुल्हन के बड़े पापा का शव आया था जो पैरा मिलिट्री फोर्स के जवान थे।
इस पल ने सभी को झकझोर कर रख दिया। परिवार के लोगों ने बेटी के ससुराल फोन किया और बारात की बजाय सिर्फ पांच लोगों को भेजने के लिए कहा ताकि शादी की रश्म अदायगी की जा सके। इसके बाद गाजीपुर जिले के नंदगंज से दूल्हे के साथ पांच लोग आए, दिन में ही शादी की रश्में अदा की गईं। इसके बाद पिता ने जल्दी-जल्दी बेटी की विदाई की और भाई का फर्ज निभाने के लिए अर्थी को कांधा देने की तैयारी में जुट गए।