नवानगर। विकास खंड नवानगर अंतर्गत सिवान कला ग्राम पंचायत में धन गबन के मामले में जिलाधिकारी यशवंत राव ने प्रधान और सचिव से धन की वसूली का निर्देश दिया है। इस संबंध में 25 नवंबर को नोटिस जारी की गई है। इसकी प्रतिलिपि शनिवार को प्रधान, सचिव और शिकायतकर्ता के साथ कुल 13 लोगों को भेजी गई।
सिवान कला गांव निवासी तारिक अजीज पुत्र अजीजुद्दीन ने डीएम से 29 लाख 50 हजार 28 रुपये ग्राम पंचायत निधि के खाते से गबन होने की शिकायती की थी। जिलाधिकारी ने गंभीरता से लेते हुए प्रकरण के लिए जांच टीम गठित की। टीम ने प्रधान सत्येंद्र राजभर और सचिव सतीश चंद्र राम को प्रथम दृष्टया 29 लाख 50 हजार 28 रुपये गबन का दोषी पाया गया। सेंट्रल बैंक नवानगर के तत्कालीन शाखा प्रबंधक आरके गुप्ता, पूर्वांचल बैंक सिकंदरपुर के तत्कालीन शाखा प्रबंधक काशी नाथ यादव को गबन में सहयोग करने के लिए दोषी पाया गया था। इसमें जिला पंचायत राज अधिकारी ने सिकंदरपुर थाने में प्रधान, सचिव समेत कुल सात लोगाें के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इसके बाद सचिव सतीश चंद्र राम को निलंबित कर दिया गया था। प्रधान सत्येंद्र राजभर के प्रशासनिक तथा वित्तीय अधिकारों पर रोक लगा दी गई। डीएम ने प्रधान को एक माह में डीपीआरओ कार्यालय में आधी रकम जमा कर रसीद के साथ तहसीलदार के सामने प्रस्तुत होने का निर्देश दिया है। राशि जमा नहीं करने पर प्रधान की अचल संपत्ति से वसूली की जाएगी। वहीं सचिव के वेतन से आधी रकम वसूल करने का निर्देश डीपीआरओ को दिया है। डीएम ने तहसीलदार सिकंदरपुर, डीपीआरओ, जिला अर्थ एवं सांख्यिकी अधिकारी, सीडीओ, क्षेत्रीय प्रबंधक पूर्वांचल बैंक बलिया, क्षेत्रीय महाप्रबंधक सेंट्रल बैंक वाराणसी, अध्यक्ष पूर्वांचल बैंक गोरखपुर, निर्देशक पंचायती राज उप्र लखनऊ को पत्र भेजकर दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई के लिए कहा है।