बलिया। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत जिला मुख्यालय स्थित पार्टी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने उनका फूल-मालाओं से जोरदार तरीके से स्वागत किया। पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से आगामी 2019 के लोस चुनाव की तैयारी की जानकारी ली।
इस दौरान आयोजित बैठक को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि आज समाज में नफरत फैलाने वाले लोग समाज को बांटने वाले लोग, जनता से झुठे वादे करके देश और प्रदेश की सत्ता पर काबिज हो गए है। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष इन फिरका परस्त ताकतों को रोकने के लिए सबसे आगे बढ़कर कार्य कर रहे है। जिससे की लोक सभा चुनाव में उप्र ही नहीं बल्कि देश के सभी प्रांतों में जनविरोधी सरकारों को रोका जाए। कहा कि प्रदेश में समान विचारधारा के लोगों को लेकर आगे बढ़ा जाएगा। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि सूबे के पूर्वी छोर गोरखपुर से सत्ताधारी दल के खिलाफ जो चिंगारी उठी वह फूलपुर, कैराना और नूरपुर में जाते-जाते परिवर्तन की अंगारी बन गई। निश्चित 2019 में हमारे कार्यकर्ता लोकतंत्र को कुचलने वाले लोगों को तानाशाही तरीके से शासन चालने वालों को हटा देंगे। इस दौरान भागलपुर पुल से पूरे जोश खरोश के साथ कार्यकर्ताओं ने जगह-जगह माला पहनाकर स्वागत किया। इस मौके पर सैकड़ों कार्यकर्ताओं के साथ लालबहादुर ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इस मौके पर जियाउद्दीन रिजवी, रविशंकर सिंह पप्पू, पूर्व सांसद रमाशंकर विद्यार्थी, मंजू सिंह, सनातन पांडेय, गोरख पासवान, सुुुुभाष यादव, लक्ष्मण गुप्ता, चंद्रशेखर सिंह, यशपाल सिंह, संजय उपाध्याय, राजमंगल यादव, सुधीर पासवान, हरेंद्र सिंह, श्याम बहादुर सिंह, राणाकुनाल, विनय अंचल, अजीत यादव, हरेंद्र गोंड, आशुतोष ओझा, मनन दूबे, धनंजय सिंह, अमित दूबे, पल्लू जायसवाल आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता संग्राम सिंह यादव तथा संचालन सुशील पांडेय ने किया।
सूबे के राज्यपाल पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के खिलाफ मुख्यमंत्री को कार्रवाई के लिए जो पत्र लिखा है वह निंदनीय है। राज्यपाल संघ के होने के चलते उसका कर्ज उतार रहे है। यह बातें सपा के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान कही। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी समाजिक समरसता और आर्थिक विषमता दूर करने के लिए काम करती है। ऐसे में राज्यपाल द्वारा सूबे के पूर्व मुख्यमंत्री एवं सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के बंगला प्रकरण में कार्रवाई किए जाने के पत्र को गलत बताया। कहा कि जिस समय बंगला खाली कराया जा रहा था उस समय सरकारी तंत्र तथा राज्य संपत्ति विभाग होगा। बावजूद इसके राज्यपाल ने लोकतंत्र में अपनी अलग से बात कह कर लोगों के विश्वास को ठेस पहुंचाया है। कहा कि भारतीय जनता पार्टी अनर्गल प्रलाप कर रही है। उसे देश के विकास से नहीं बल्कि पूूंजीपतियों के विकास से नाता है। कालाधन लाने के नाम पर सरकार में आने वाली पार्टी काला धन तो नहीं ला सकी लेकिन देश का सफेद धन पूंजीपति बैंकों से निकालकर देेश के बाहर चले जा रहे है। एक सवाल के जवाब ने में कहा कि भाजपा का पीएम मोदी होंगे कि नहीं होंगे यह आरएसएस तय करेंगी। जो उसका पुराना इतिहास है। जबकि हमारे गठबंधन का पीएम सर्व सम्मत से तय किया जाएगा।