रामगढ़। बाढ़ विभाग ने इस बार गंगापुर के लिए 12 करोड़ 34 लाख 88 हजार रुपये तो केहरपुर के लिए 24 करोड़ 93 लाख 83 हजार रुपये का दो प्रोजेक्ट जिलाधिकारी के माध्यम से शासन में भेजा था। जिस पर अमलीजामा पहनते हुए शासन ने एक प्रोजेक्ट को तकनीकी सलाहकार समिति द्वारा अनुमोदित कर स्थाई संचालन समिति में भेजा है तथा गंगापुर के प्रोजेक्ट को मुख्य अभियंता समिति द्वारा अनुमोदित कर तकनीकी सलाहकार समिति में भेजा है। अगर सब कुछ ठीक ठाक रहा तो केहरपुर व गंगापुर में जल्द ही स्पर एवं जियो विधि से प्लेटफॉर्म बनने शुरू हो जाएंगे।
बाढ़ विभाग के साथ ही कांग्रेस नेता विनोद सिंह ने एक अक्टूबर 2018 को जिलाधिकारी से केहरपुर व गंगापुर में समय रहते कार्य करने का अनुरोध किया था। जिस पर जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग के प्रमुख सचिव टी वेंकटेश को पत्र भेजा था कि जनहित का ध्यान रखते हुए केहरपुर व गंगापुर में बाढ़ निरोधक कार्य कराया जाये ताकि आने वाले समय में बाढ़ कटान से इन गांवों को बचाया जा सके। डीएम के पत्र पर कार्रवाई करते हुए प्रमुख सचिव ने बलिया के अधिशासी अभियंता से केहीपुर व गंगापुर के लिए तत्काल प्रोजेक्ट बनाकर मांगा था कि कहां-कहां कौन सा काम जरूरी है। जिस पर अधिकारियों ने 24 करोड़ 94 लाख 83 हजार रुपये का प्रस्ताव केहरपुर के लिए भेजा है जिसमें एक स्पर व 350 मीटर लंबा जिओ प्लेटफॉर्म के साथ ही तटबंध का निर्माण करना है।
वहीं गंगापुर में भी एक स्पर व तटबंध की सुरक्षा के लिए रेवेंटमेंट का निर्माण करना है। जिस पर कार्रवाई करते हुए शासन ने केहरपुर के प्रोजेक्ट को तकनीकी सलाहकार समिति द्वारा पास कर स्थाई संचालन समिति में भेज दिया है तो वही गंगापुर प्रोजेक्ट को मुख्य अभियंता समिति द्वारा पास कर तकनीकी सलाहकार समिति को भेज दिया है। बाढ़ खंड के सहायक अभियंता चंद्रमोहन शाही का कहना है कि बाढ़ निरोधक दोनों प्रोजेक्ट अंतिम रूप में है। शासन से धन अवमुक्त होते ही बाढ़ निरोधक कार्य शुरू कराया जाएगा।