स्थानीय थानान्तर्गत रेवती-बैरिया मुख्य मार्ग स्थित चौबेछपरा छपरा ढाला से चौबेछपरा गांव जाने वाले मार्ग पर चौबेछपरा गांव की महिला ले 50 हजार रुपये से भरा पर्स बाइक सवार बादमाशों ने छीन लिया। गांव के लोगों ने एक बैठक कर निर्णय लिया है कि घटनाओं का पर्दाफाश यदि पुलिस नहीं करती है तो आंदोलन को बाध्य होंगे।
रेवती थाना क्षेत्र के चौबे छपरा गांव की रिंकू देवी पत्नी गुड्डू चौबे रेवती स्थित बैंक में पैसा जमा करने के लिए अपने घर से पैदल ही चौबे छपरा ढाला पर वाहन पकड़ने के लिए निकलीं। इस बीच रास्ते में सवार बदमाशों ने उनका 50 हजार रुपये से भरा पर्स छीन लिया और रिंकू के साथ धक्का-मुक्की भी की ।रिंकू ने बताया कि वो अपने घर से पैदल ढाले पर जा रही थी तभी मुंह पर गमछा बांधे बाइक सवार दो बदमाश आए और धक्का-मुक्की करते हुए पर्स छीनकर भाग गए। पर्स में उक्त रकम के अलावा आधार कार्ड, मोबाइल भी था। उधर, उचक्कों ने इसी मार्ग पर चौबे छपरा गांव की ही पिंकी पुत्री विजेन्द्र गोड़ का भी मोबाइल छीनने का प्रयास किया, लेकिन शोर होने के बाद बदमाश भाग गए। उक्त घटनाओं तथा इससे पूर्व हुई इस प्रकार की घटनाओं से नाराज गांव के लोगों ने एक बैठक की। ग्राम वासियों का कहना है कि गांव से ढाले के बीच आए दिन महिलाओं के साथ ऐसी घटनाएं हो रही हैं। कई मामले रेवती थाने में दर्ज हैं। पर्दाफाश न होने से महिलाओं में भय व्याप्त है। रूपेश चौबे, विवेक चौबे, मनदीप चौबे, मिथिलेश चौबे, अभय चौबे, सुशील चौबे, अवनीश चौबे आदि सम्मिलित रहे। इस बाबत प्रभारी निरीक्षक रामायण सिंह ने बताया कि इस मामले में संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। जल्द ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे।