मझौवां। गंगा नदी के दक्षिण दिशा में बसे नौरंगा गांव में रविवार की रात से तेज कटान शुरू हुई है। कटान का सिलसिला सोमवार को भी जारी रहा। 50 एकड़ उपजाऊ जमीन गंगा में समा गई। नदी की धारा आबादी से मात्र 10 मीटर दूर रह गई है। गंगा नदी चेतावनी बिंदु 56.615 मीटर से 315 सेमी ऊपर बह रही है। इससे जलस्तर में बढ़ावा की उम्मीद जताई जा रही है।
गंगा की लहरों में मोती चंद साह, शंभू ठाकुर, जंगी यादव, नारायण यादव, भीम चौधरी, सुभाष चौधरी, जगदीश ठाकुर की जमीन चंद मिनटों में विलीन हो गई। कटान पीड़ित संजय चौधरी ने बताया कि गंगा तबाही मचाने पर उतारू है। शंभू ठाकुर की 5 एकड़ जमीन गंगा में कटकर बह गई। बाढ़ विभाग के सहायक अभियंता श्रवण कुमार प्रियदर्शी ने बताया कि बचाव कार्य करने का आदेश दिया गया है। बाढ़ विभाग के जेई अमरनाथ वर्मा ने बताया कि कटान रोकने के लिए इंतजाम कर लिए गए हैं।
गंगा का जलस्तर हुआ स्थिर : केंद्रय जल आयोग गायघाट गेज के अनुसार सोमवार की शाम चार बजे गंगा नदी का जलस्तर 56.930 मीटर दर्ज किया गया। फिलहाल नदी का जलस्तर स्थिर है। गंगा नदी चेतावनी बिंदु 56.615 मीटर से 315 सेमी ऊपर बह रही है। इससे जलस्तर में बढ़ावा की उम्मीद जताई जा रही है।
बारिश में खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर कटान पीड़ित : मझौवां। भारी बारिश और कटान से जूझ रहे नौरंगा के लोग खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं।