जिला अस्पताल पैथालाजी सेंटर में पंजीकरण के लिए लगी मरीजों और तीमारदारों की लंबी कतार।संवाद
बलिया। बदलते मौसम और उमस के बीच जिला अस्पताल की बाल रोग ओपीडी में तेज बुखार से पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ गई है। कई बच्चे तेज बुखार के साथ सिरदर्द, शरीर में अकड़न और झटके की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं।
पिछले 10 दिन में ऐसे पांच बच्चों में लक्षण मिलने के बाद तीन को भर्ती किया गया। इसमें दो की हालत में सुधार नहीं होने पर रेफर करना पड़ा। बाल रोग ओपीडी में रोजाना करीब 20 से 30 बच्चे वायरल फीवर के कारण तेज बुखार की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। वहीं इमरजेंसी में रोजाना एक से दो बच्चे तेज बुखार के साथ दौरे पड़ने की शिकायत लेकर आ रहे हैं।
जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों का दबाव भी लगातार बढ़ा है। रविवार की छुट्टियों के बाद सोमवार को करीब 2300 मरीज इलाज कराने पहुंचे थे। बाल रोग समेत अन्य ओपीडी में भी मरीजों की भीड़ ज्यादा रही। बाढ़ व बदलते मौसम के बीच जिला अस्पताल के बाल रोग की तीन ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ने की रिपोर्ट लगातार सामने आ रही है। विगत एक सप्ताह से रोजाना करीब 300 सौ से ऊपर बच्चे आ रहे हैं।
चिकित्सकों के अनुसार सर्दी, जुकाम, गले मे खरास, डायरिया, तेज बुखार की समस्या 60 फीसदी बच्चों में शिकायत है। तेज बुखार के बाद बच्चे को झटके आना सामान्य लक्षण मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। तेज बुखार के दौरान बच्चे को दौरा पड़ने पर परिजन घबराने के बजाय तुरंत सावधानी बरतें।
बच्चे को करवट के बल सुरक्षित जगह पर लिटाएं, आसपास की कठोर या नुकीली वस्तुएं हटा दें और कपड़े ढीले कर दें। मुंह में चम्मच, उंगली, पानी, दवा या कोई अन्य वस्तु बिल्कुल न डालें। दौरे के दौरान बच्चे को जबरन पकड़कर रोकने की कोशिश भी न करें। तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे।