सुखपुरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण के दौरान सीएमओ संजीव वर्मन से वार्ता करते ग्रामी
सुखपुरा। सीएचसी का सुदृढ़ीकरण कर शुरू करने के लिए लिए शासन से 59.41 लाख रुपये मिले थे। सीएचसी तक जाने के लिए सीसी रोड पर करीब 32 लाख व बाकी पैसा अस्पताल भवन में दरवाजे खिड़की, शौचालय, पेंटिंग सहित अन्य सामान पर खर्च करना था। लेकिन दो मंजिला सीएचसी के रंग रोगन और 35 की जगह सिर्फ 10 कमोड लगाने, 20 पंखे की जगह सिर्फ सात व अस्पताल भवन व परिसर में 70 एलईडी बल्ब लगाने व कुछ अस्पताल भवन में वायरिंग करने के नाम पर 27 लाख रुपये खर्च कर दिए गए।
अस्पताल की दूसरी मंजिल पर कोई कार्य नहीं किया गया है। दो माह बाद भी अस्पताल भवन व स्वास्थ्यकर्मी आवास में मानक के अनुसार काम नहीं हुआ है। सीएमओ डॉक्टर संजीव वर्मन रविवार को सीएचसी का निरीक्षण करने पहुंचे तो स्थानीय लोगों ने कार्य में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। कहा कि धन मिलने के बाद भी आधा अधूरा काम किया गया है। बिना काम के हैंडओवर की तैयारी में लगे हैं। सीएमओ ने गुणवत्ता पूर्वक कार्य के बाद हैंडओवर लेने का आश्वासन दिया।
सुखपुरा में करीब 30 हजार की आबादी को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा के लिए 10 वर्ष पूर्व 50 बेड के सीएचसी का निर्माण हुआ था। हैंडओवर न होने से चिकित्सकीय सुविधा की शुरुआत नहीं हो सकी। कोरोना काल के बाद स्थानीय लोग व तमाम संगठन के लोग सीएचसी शुरू करने के लिए आंदोलित हैं। क्षेत्र के दानिश अंसारी ने मंत्री बनने के बाद सीएचसी का निरीक्षण कर स्वास्थ्य सुविधा शुरू करने का आश्वासन दिया था। विभाग ने अस्पताल के अधूरे काम का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा, जिसके बाद 59.41 लाख रुपये जारी हुए। इसके बाद काम शुरू हुआ।
इस बाबत सीएमओ संजीव वर्मन ने कहा कि सीएचसी के निरीक्षण के दौरान जो कमी थी, उसे ठेकेदार को पूरा करने का सख्त निर्देश दिया गया है। उसके बाद जल्द ही स्वास्थ्य सुविधाएं शुरू की जाएंगी।