बलिया। योगी सरकार के 100 पूरे होने के बाद भी जिले में बिजली की आपूर्र्ति दुरुस्त नहीं हो सकी है और उमस व गर्मी से लोग बेहाल हैं। शहर से लेकर ग्रामीण इलाके तक आपूर्ति चरमराई हुई है। विभाग कागजी खानापूर्ति कर रोस्टर के अनुसार आपूर्ति का दावा कर अपनी पीठ थपथपा रहा है।
योगी सरकार ने सत्ता संभालने के बाद सबसे अधिक फोकस बिजली की आपूर्ति पर किया। सरकार ने सरकार ने जिला मुख्यालय को 24, तहसील मुख्यालयों को 20 और ग्रामीण इलाकों के लिए 18 घंटे आपूर्ति का रोस्टर निर्धारित किया। लेकिन सरकार के 100 दिन पूरा होने के बाद भी किसी भी इलाके में लोगों को रोस्टर के अनुसार बिजली की आपूर्ति नहीं मिल पा रही है। हालांकि शुरुआत में तो आपूर्ति कुछ ठीक रही लेकिन ज्यों-ज्यों समय बीतते गए त्यों-त्यों आपूर्ति की हालत बदतर होती गई। हालत यह है कि शहर से लेकर ग्रामीण इलाके तक बिजली आपूर्ति पूरी तरह चरमरा गई है। शहर में कटौती और बार-बार ट्रिपिंग का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। हालत यह है कि शहर के चौक, आर्यसमाज रोड, शास्त्री नगर, बड़ा गड़हा, बनकटा, एलआईसी रोड, मालगोदाम रोड आदि मुहल्लों में रात में घंटो कटौती करना आम बात हो गई है। सोहांव ब्लॉक के बसंतपुर और कोटवां नारायनपुर स्थित उपकेंद्र से जुड़े तीन दर्जन गांवों में आए दिन बिजली गायब रहती है। पिछले तीन दिनों से शहरवासियों को 10 से 12 घंटे तक की ही आपूर्ति हो रही है और बिजली के आने-जाने का सिलसिला लगातार चलता है। ग्रामीण इलाकों में पांच से सात घंटे की ही आपूर्ति मिल पा रही है और वह भी लगातार नहीं।
विद्युत सबस्टेशन के लिए चिह्नित जमीन का लिया जायजा
बलिया। बेल्थरा रोड क्षेत्र में बेहतर विद्युत आपूर्ति के उद्देश्य से प्रस्तावित 132/33 विद्युत सबस्टेशन के लिए चिह्नित जमीन का जायजा जिलाधिकारी सुरेंद्र विक्रम ने लिया। उन्होंने एसडीएम सुशील श्रीवास्तव को निर्देश दिया कि इस जमीन से संबंधित कागजात को बकायदा देख लें कि किसी प्रकार की बाधा तो नही है। इस संबंध में और भी कई जरूरी दिशा निर्देश बिजली विभाग के एसडीओ व जेई को दिया। इस दौरान सीडीओ संतोष कुमार आदि साथ रहे।