बलिया। शहर कोतवाल के आवास से शुक्रवार को चोरी गई सरकारी और निजी पिस्टल चोरी जाने के मामले की जांच के लिए क्राइम ब्रांच के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई है। यह घटना उस समय हुई जब वे कोर्ट केस के सिलसिले में अदालत में गए थे।
नियमानुसार पुलिसकर्मियों को नाम से असलहा आवंटित किया जाता है जिसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी उन्हीं की होती है। ड्यूटी के समय इसको अपने पास रखना ड्यूटी का हिस्सा है। एसपी की मानें तो शुक्रवार को एसएचओ कोतवाली न्यायिक कार्य से कोर्ट गए थे। वहां से लौटते समय सेंट जेवियर्स में सुरक्षा बल के ठहरने की तैयारियों का जायजा लेने गए थे। वापस लौटने पर पता चला कि आवास से सरकारी व निजी लाइसेंसी पिस्टल मय मैगजीन व कारतूस गायब है। इस मामले में अभियोग पंजीकृत कर तलाश की जा रही है। एसपी का विभागीय कार्रवाई से इंकार करना मामले को और ज्यादा पेचीदा बना रहा है। इस मामले में एएसपी और सीओ कोतवाली में तैनात पुलिसकर्मियों से बारी-बारी से पूछताछ कर रहे हैं। मामले के खुलासे के लिए एसपी ने डाग स्क्वॉड और क्राइम ब्रांच लगाया है।
सीओ सिटी बैरिया अरुण कुमार ने बताया कि क्राइम ब्रांच से लेकर डाग स्क्वॉड तक को घटना के खुलासे के लिए लगाया गया है। क्राइम इंस्पेक्टर के नेतृत्व में स्पेशल टीम भी गठित की गई है। रही बात कोतवाल के खिलाफ कार्रवाई की तो जांच पूरा होने के बाद ही कार्रवाई की जाएगी।