धूल भरी हवा संग हुई बूंदाबांदी
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तराई में गुरुवार दोपहर में मौसम ने करवट ले ली। इस कारण धूल भरी तेज हवाएं चलीं। बूंदाबांदी भी हुई। अचानक मौसम के बदलने से तापमान में भी गिरवाट हुई। लोगों को गर्मी से निजात मिली। मौसमविद् अचानक बदले मौसम को वेस्टर्न डिस्टर्बेन्स का कारण बता रहे हैं। वहीं मौसम में तब्दीली से किसान परेशान हैं।
तराई में चार दिनों से लोग भीषण गर्मी से परेशान थ। कुछ ऐसी ही स्थिति गुरुवार सुबह भी रही। लेकिन दोपहर 12 बजे अचानक मौसम ने करवट ले ली। धूल भरी तेज हवा के साथ बदली छा गई। दो बजे हवाएं थमीं तो हल्की बूंदाबांदी भी हुई। लग रहा था कि झमाझम बरसात होगी। लेकिन फिर हवाएं चलने लगीं और बूंदाबांदी थम गईं।
अचानक मौसम परिवर्तित होने से तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज हुई है। दोपहर बाद अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ है। फसल अनुसंधान केंद्र के प्रभारी वैज्ञानिक डॉ. एमवी सिंह ने बताया कि वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के कारण मौसम में अचानक बदलाव हुआ है। लेकिन यह बदलाव क्षणिक है।
शुक्रवार को फिर तेज धूप का सामना करना पड़ रहा है। वहीं मौसम बदलने से किसान काफी परेशान रहे। खेतों में खड़ी फसल किसानों के माथे पर बल डाल रही थीं। हालांकि बूंदाबांदी थमने के बाद सभी ने राहत की सांस ली।