बहराइच। सरकार की नीतियों के विरोध में ट्रक ऑपरेटर्स ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। इसके चलते जिले में 850 ट्रकों के पहिये थम गए हैं। ऐसे में दूसरे प्रांतों से आने वाली खाद्य वस्तुओं का जिले में टोटा हो सकता है। सब्जियों के दाम भी आसमान छू सकते हैं। ट्रक ऑपरेटर्स मांगे न माने जाने तक अनिश्चितकाल के लिए आंदोलन जारी रखने पर अड़े हुए हैं।
सरकार ने नए मार्गों के निर्माण के साथ ही जगह-जगह टोल टैक्स वसूलने की व्यवस्था बनाई है। इसके अलावा नई नीति के तहत ट्रक चालकों को दुर्घटना के दौरान मौत होने पर पीड़ित पक्ष को तीन लाख रुपये मुआवजा देने का प्रावधान किया गया है। इन नियमों से ट्रक ऑपरेटर्स में रोष है।
ऑल इंडिया ट्रक ऑपरेटर्स एसोसिएशन के आह्वान पर गुरुवार को जिले में ट्रकों के चक्के जाम हो गए। ट्रांसपोर्ट सिटी में ट्रक कतारों में खड़े रहे। बहराइच ट्रक एसोसिएशन के अध्यक्ष वसीम अहमद और महामंत्री मोहम्मद हारुन की अगुवाई में ट्रक ऑपरेटर्स तथा चालकों ने नारेबाजी और प्रदर्शन किया।
मोहम्मद हारुन ने कहा कि ट्रकों का तिमाही टैक्स जमा किया जाता है। इस टैक्स में गुड्स टैक्स और रोड टैक्स सम्मिलित होता है। इसके बावजूद टोल टैक्स की वसूली करना मनमानी है। इस वसूली से व्यवसाय प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा कि ट्रक ड्राइवरों पर लगाए गए नए नियम को भी तत्काल वापस लिया जाए।
अध्यक्ष और महामंत्री ने कहा कि सरकार जब तक समुचित कदम नहीं उठाएगी, तब तक आंदोलन खत्म नहीं होगा। महामंत्री ने कहा कि 850 ट्रक जिले में खड़े हैं। इससे मूलभूत सामग्रियों के आयात पर असर पड़ रहा है। इन ट्रकों से अनाज, सब्जी व अन्य वस्तुएं शहर व कस्बों तक पहुंचायी जाती हैं।