बहराइच। धान खरीद के घोटाले के आरोपी सहकारी समिति के सचिव को पुलिस ने गिरफ्तार किया। रविवार को गिरफ्तार किए जाने के बाद रिमांड कोर्ट पर आरोपी सचिव को पेश किया गया। यहां उसकी हालत अचानक बिगड़ गई। इस पर पुलिस ने उसे तत्काल मेडिकल कॉलेज बहराइच में भर्ती कराया। यहां हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने उसे केजीएमयू लखनऊ रेफर कर दिया। बेटे ने पिता की पुलिस द्वारा पिटाई किए जाने का आरोप लगाया है। एसपी ने मामले की जांच शुरू करा दी है।
हरदी थाना क्षेत्र के गदामारखुर्द गांव निवासी बलबीर सिंह क्षेत्र की ही सहकारी समिति में सचिव के पद पर तैनात थे। वर्ष 2019 मेेें इनके ऊपर धान खरीद में घोटाला करने का आरोप लगा। एफसीआई के मैनेजर ने हरदी थाने में 32 लाख रुपये के गबन का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि गबन का आरोपी भगवानपुर चौराहे पर मौजूद है। सूचना पर हरदी थानाध्यक्ष आरपी यादव ने दलबल के साथ मौके पर पहुंचकर आरोपी सचिव को गिरफ्तार कर लिया। जेल भेजने के लिए पुलिस उनको न्यायालय लाई थी। पेशी के दौरान आरोपी की हालत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गया। आनन-फानन में पुलिस ने उसे मेडिकल कॉलेज बहराइच में भर्ती कराया। यहां हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने उसे केजीएमयू लखनऊ रेफर कर दिया।
मेडिकल कॉलेज में आरोपी सचिव के बेटे ने बताया कि पिता दवा लेने घर से आए थे। पुलिस जबरदस्ती पापा को हस्ताक्षर कराने की बात कहकर धक्का-मुक्की व पीटते हुए गिरफ्तार कर थाने ले गई। अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अशोक कुमार ने बताया कि आरोपी पर 2019 में गबन का मुकदमा दर्ज था। रविवार को पुलिस उसे गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश कराने के लिए लेकर आई थी। उसी दौरान आरोपी की तबियत खराब हो गई। वह केजीएमयू लखनऊ में भर्ती हैं। जानकारी के अनुसार उसकी तबियत में सुधार है। एसपी विपिन मिश्रा ने बताया कि परिवारीजनों की ओर से गंभीर आरोप लगाए गए हैं। प्रकरण की जांच शुरू करा दी गई है। जो भी दोषी होगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।