बहराइच। पंचायत चुनाव में मिहींपुरवा क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य पद पर विजयी हुए संतोष रावत उर्फ सरोज रावत को सोमवार को भाजपा ने अपनाकर जिला पंचायत अध्यक्ष पद का प्रत्याशी घोषित कर दिया है।
भाजपा के इस पैंतरेबाजी से राजनीतिक खेमे में हलचल मच गई है। अब जिला पंचायत अध्यक्ष पद का चुनाव अब निर्विरोध नहीं हो सकेगा।
बहराइच जिला पंचायत अध्यक्ष पद को इस बार शासन ने आरक्षित घोषित कर दिया था। इसके चलते सीट की घोषणा के बाद से ही लाल बत्ती के दावेदारों को लेकर कयासों का दौर शुरू हुआ था लेकिन जिला पंचायत सदस्य पद की सीटों के आरक्षण में परिवर्तन के चलते लालबत्ती के अधिकतर दावेदार चुनाव भी नहीं लड़ सके।
जो चुनाव लड़े, वह भी धराशायी हो गए। ऐसे में सपा की ओर से घोषित उम्मीदवार का निर्विरोध चुना जाना तय माना जा रहा था। लेकिन इसी बीच सोमवार को भाजपा के पदाधिकारियों और सक्रिय सदस्यों की बैठक संगठन कार्यालय पर हुई।
इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीकांत बाजपेई द्वारा प्रत्याशी अधिग्रहीत करने के लिए मुख्य अतिथि के रूप में कैसरगंज विधायक मुकुटबिहारी वर्मा को नामित करने की भी सूचना दी।
बैठक में पदाधिकारी और सदस्यों ने हाल ही में मिहींपुरवा विकास खंड के वार्ड नंबर नौ से जिला पंचायत सदस्य पद का चुनाव जीते संतोष रावत उर्फ सरोज रावत को संगठन की सदस्यता दिलाई गई।
इसके बाद विधायक मुकुटबिहारी वर्मा ने संतोष रावत को जिला पंचायत अध्यक्ष पद का प्रत्याशी घोषित किया। भाजपा की इस पैंतरेबाजी से राजनीतिक खेमे में हलचल मच गई है।
यह तय हो गया है कि अब जिला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव निर्विरोध नहीं हो सकेगा। गौरतलब हो कि सपा ने जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए पूर्व विधायक शब्बीर अहमद के पुत्र नदीम मन्ना को प्रत्याशी घोषित किया है।