नेपाल में लैंगिक असमानता के खिलाफ बैठक करतीं महिलाएं।
रुपईडीहा। नेपालगंज के डुडुवा ग्रामीण नगर पालिका वार्ड नं 2 में लैंगिक हिंसा के खिलाफ एक जागरूकता गोष्ठी आयोजित की गई। गोष्ठी में वक्ताओं ने कहा कि ग्रामीण समुदाय में अधिकांश महिलाएं अभी भी हिंसा की पीड़ा झेल रही हैं। इसका मुख्य कारण महिलाओं में जागरूकता की कमी माना जाता है।
यह कार्यक्रम महिला कानून एवं विकास मंच के सहयोग से सूचना एवं मानव अधिकार अनुसंधान केंद्र नेपालगंज द्वारा आयोजित किया गया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि परंपरागत सोच के कारण आज भी कई परिवार अपनी बेटियों को उच्च शिक्षा दिलाने से पीछे हट जाते हैं, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। मधेशी समुदाय में अब भी शिक्षा का अभाव है, इसलिए सबसे पहले चेतना अभिवृद्धि पर काम किए जाने की आवश्यकता बताई गई।
कार्यक्रम में महिला अगुवा लीलावती यादव, कृष्ण मुरारी प्रसाद भट्ट, रविंद्र ज्ञवाली, देवकी यादव, ध्रुव वर्मा आदि वक्ताओं ने कहा कि समाज में जागरूकता बढ़ने से लैंगिक हिंसा में कमी लाई जा सकती है। संस्था के कार्यकारी निदेशक राकेश कुमार मिश्र ने बताया कि संस्था बांके और बर्दिया के चार स्थानीय इकाइयों में महिला एवं बालिका हिंसा से संबंधित ऐन, कानून, नीति और कार्यविधि निर्माण पर काम कर रही है।