शहर के केडीसी केंद्र पर परीक्षा देकर बाहर निकलते अभ्यर्थी। -संवाद
बहराइच। प्रारंभिक पात्रता परीक्षा (पीईटी) रविवार को जिले के आठ केंद्रों पर हुई। सुबह की पाली में राजनीति विज्ञान और डीआई (डेटा इंटरप्रिटेशन) के सवालों ने परीक्षार्थियों को उलझाया, जबकि शाम की पाली का प्रश्नपत्र अपेक्षाकृत आसान रहा। परीक्षा के दौरान डीएम राजेश पांडेय और एसपी विश्वजीत श्रीवास्तव दल-बल के साथ भ्रमणशील रहे।
परीक्षा के नोडल अधिकारी एडीएम अरुण कुमार ने बताया कि दोनों पालियों में कुल 6048 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। पहली पाली में 2326 उपस्थित और 698 अनुपस्थित रहे। दूसरी पाली में 2339 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी, जबकि 685 अनुपस्थित रहे।
सुबह सात बजे से ही केंद्रों के बाहर परीक्षार्थियों की भीड़ जुटने लगी। सुबह 7:30 बजे से गहन तलाशी और बायोमीट्रिक प्रक्रिया के बाद प्रवेश दिया गया। परीक्षा निर्धारित समय पर शुरू हुई। सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की गई। स्टेटिक मजिस्ट्रेट केंद्रों पर तैनात रहे, जबकि सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेट भ्रमण करते रहे।
अंबेडकरनगर के रवि वर्मा ने बताया कि कुछ प्रश्न घुमावदार थे, जिन्हें दो से तीन बार पढ़ना पड़ा, जबकि कुछ काफी आसान रहे।
अंबेडकरनगर के ऋषभ द्विवेदी ने बताया कि संविधान से संबंधित एक प्रश्न में 26 नवंबर और 26 जनवरी की तिथियों को लेकर भ्रम की स्थिति रही। सवाल संविधान के स्वीकार और लागू होने से संबंधित था।
बस्ती के अंकुर यादव ने कहा कि प्रश्नपत्र आसान था, लेकिन तलाशी और बायोमीट्रिक की प्रक्रिया से थकान हुई। वहीं, गोंडा की कुमकुम श्रीवास्तव ने कहा कि पीईटी में प्रश्नों का स्तर लगातार बदल रहा है। पहले इतिहास और गणित के सवाल अधिक होते थे, अब सामान्य ज्ञान और करेंट अफेयर्स पर जोर रहता है।