बहराइच। तराई में डायरिया व निमोनिया का प्रकोप बढ़ गया है। आलम यह है कि मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में प्रतिदिन लगभग 220 से अधिक बाल रोगी पहुंच रहे हैं और पीआईसीयू वार्ड फुल हो गया है।
सोमवार को मेडिकल कॉलेज में 13 नए मरीजों को भर्ती किया गया। जिसके साथ ही जरनल वार्ड में भर्ती मरीजों की संख्या 33 पहुंच गई। वहीं पीआईसीयू वार्ड फुल रहा और एक बेड पर दो-दो बच्चे भर्ती रहे। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अरविंद शुक्ला ने बताया कि जानकारी के अभाव में परिजन बीमार बच्चों का घर पर ही घरेलू उपचार कर लेते हैं। इससे पांच वर्ष से अधिक के बच्चों में संक्रमण व बुखार के कारण झटकों की शिकायत ज्यादा मिल रही है। ऐसे में परिजनों को बच्चों में बुखार आने पर तुरंत चिकित्सक को दिखाना चाहिए।