बहराइच। उत्तराखंड के रुड़की निवासी मर्चेंट नेवी कर्मी बुधवार को पत्नी से मिलने बहराइच आया। वह सिंगापुर में मर्चेंट नेवी में तैनात है। वह सिंगापुर व साउथ कोरिया होते हुए बहराइच पहुंचा था। गुरुवार को सुबह वह इलाज कराने के लिए एक नर्सिंगहोम में पहुंचा। यहां के चिकित्सक ने संदिग्ध मामला मिलने पर सीएमओ को इसकी जानकारी दी। इसके बाद मेडिकल कॉलेज की टीम ने उसे कोरोना वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया है। सैंपल जांच के लिए लखनऊ भेजा गया है।
उत्तराखंड के रुड़की का रहने वाला एक युवक मर्चेंट नेवी में कर्मचारी है। उसकी ड्यूटी इस समय सिंगापुर में है, जबकि पत्नी शिक्षिका के पद पर बहराइच जिले में तैनात है। वह शहर के वशीरगंज मोहल्ले में रहती है। मर्चेंट नेवी कर्मी सिंगापुर, साउथ कोरिया होते हुए कोलकाता पहुंचा था। इसके बाद वह दो दिन पूर्व पत्नी से मिलने के लिए बहराइच पहुंच गया। बुधवार को उसकी तबियत खराब हुई, जिस पर वह गुरुवार को झिंगहाघाट स्थित मिशन हॉस्पिटल में इलाज कराने पहुंचा।
यहां पर मर्चेंट नेवी कर्मचारी में संदिग्ध कोराना के लक्षण मिलने पर अस्पताल के चिकित्सक ने सीएमओ डॉ. सुरेश सिंह को इससे अवगत कराया। सूचना मिलते ही स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम मर्चेंट नेवी कर्मचारी को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज ले आई। यहां पर कोरोना टीम के प्रभारी डॉ. पारितोष मिश्रा और डॉ. हीरालाल ने जांच की। जांच के बाद उसे कोरोना वार्ड में भर्ती कराया गया। खून जांच के लिए लखनऊ भेजा गया है।
जांच के बाद होगी पुष्टि
युवक मर्चेंट नेवी में कर्मचारी है। वह पत्नी से मिलने के लिए बहराइच आया था। शुरुआती जांच में बुखार व सर्दी से ग्रसित मिला है। लेकिन खून जांच के लिए लखनऊ भेजा गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। मरीज पर नजर रखी जा रही है।
- डॉ. सुरेश सिंह, सीएमओ