बहराइच में शुक्रवार को सुबह के समय छाया कोहरा। -संवाद
बहराइच। जिले में शुक्रवार सुबह घना कोहरा छाया रहा और कोहरे की बूंदें बरसती रहीं। घने कोहरे की मोटी चादर के कारण दृश्यता सिमटकर महज 20 मीटर तक रह गई, जिससे सड़क पर चलना मुश्किल हो गया। सुबह के समय आवागमन बुरी तरह प्रभावित रहा और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
तापमान में लगातार गिरावट के चलते जिले में जनजीवन अस्त-व्यस्त नजर आया। शुक्रवार को पूरे दिन धूप नहीं निकली। सर्द पछुआ हवा ने ठिठुरन और गलन को और बढ़ा दिया। न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस रहा। पारा लगातार गिरने से लोगों को कंपकंपी से निजात नहीं मिल रही है।
सुबह कोहरे के चलते मजदूरी और कामकाज से जुड़े लोग मजबूरी में घरों से बाहर निकले, लेकिन ठंड से कांपते नजर आए। सड़क किनारे और चौराहों पर लोग अलाव के आसपास सिमटे दिखाई दिए। वहीं घरों में बच्चे और बुजुर्ग कंबल और रजाई में दुबके रहे। पूरे दिन हीटर और अलाव लोगों का सहारा बने रहे।
तराई क्षेत्र का मौसम लगातार लोगों की मुश्किलें बढ़ा रहा है। शुक्रवार सुबह करीब 12 बजे तक कोहरा छाया रहा और कोहरे की बूंदें गिरती रहीं। दिनभर 11 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से चल रही सर्द पछुआ हवा ने ठंड का असर और तेज कर दिया, इससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित रहा।
किसान पीजी कॉलेज के मौसम विभाग के डॉ. पीएल तिवारी ने बताया कि पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी के कारण आ रही सर्द पछुआ हवा तराई क्षेत्रों में ठंड बढ़ा रही है। इसके चलते घना कोहरा और धुंध बनी हुई है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में कोहरे, धुंध और बदली के कारण मौसम और अधिक कठिन हो सकता है।