नानपारा और कैसरगंज तहसील क्षेत्र में दो गांवों में मंगलवार को सुबह अचानक आग लगने से पांच ग्रामीणों के मकान धू-धूकर जल गए। हादसों में पांच लाख से अधिक के नुकसान का अनुमान लगाया गया है। आग से घरों में रखा सारा सामान भी जल गया। इस मामले में तहसील को सूचना दी गई है। पीड़ित परिवार खुले आसमान तले गुजर-बसर करने को मजबूर हैं।
नानपारा तहसील क्षेत्र के अरईखुर्द गांव निवासी जगदंबा के घर में सुबह महिलाएं चाय बना रही थीं। इसी दौरान मकान के छप्पर में अचानक आग लग गई। आसपास के लोगों की चीख पुकार पर सभी को आग लगने का पता चला तो बुझाने की कोशिश की गई। लेकिन सफल न होने पर परिवारीजनों ने भागकर जान बचाई।
जब तक गांव के लोग दौड़े, लेकिन तब तक आग की लपटों ने पड़ोसी साबितराम और तीरथ के मकान को भी चपेट में ले लिया, जिससे तीनों घरों में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। आग से घरों में रखा अनाज, कपड़े, बर्तन, जेवरात आदि जल गए।
उधर, कैसरगंज थाना क्षेत्र के बंशीलालपुरवा निवासी सिहाते और मैकू के घर भी आग लगने से जल गए। यहां भी घरों में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। गांव के लोगों ने किसी तरह आग को फैलने से रोका। दोनों स्थानों पर अग्निपीड़ित परिवारी खुले आसमान तले गुजर-बसर करने को मजबूर हैं। हादसों की सूचना तहसील को दी गई है, लेकिन कोई भी राजस्वकर्मी मौके पर नहीं पहुंचा है। अपर जिलाधिकारी विद्याशंकर सिंह का कहना है कि मुआयना करवाकर मुआवजे की कार्रवाई की जाएगी।