बिछिया (बहराइच)। कारीकोट गन्ना तौल केंद्र पर बुधवार दोपहर गन्ने की तौल के समय तीन ट्रॉली में पांच-पांच क्विंटल गन्ना कम निकला।
इस पर किसान भड़क उठे। किसानों ने गन्ना तौल केंद्र के सुपरवाइजर पर घटतौली करने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया।
किसान, गन्ना अधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग करने लगे। इस पर सुपरवाइजर ने उच्चाधिकारियों को सूचना देने के बाद तौल कांटे पर ताला लगा दिया है।
नानपारा तहसील क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत कारीकोट स्थापित गन्ना तौल केंद्र पर जमुनिहा, कारीकोट समेत छह गांवों के किसानों के गन्ने की तौल की जाती है।
तौल के बाद किसानों का गन्ना कांटा से खम्हारखेड़ा चीनी मिल लखीमपुर खीरी भेजा जाता है। यहां कई दिनों से किसान तौल केंद्र पर घटतौली होने की बात कह रहे हैं, पर सुनवाई नहीं हो रही।
बुधवार दोपहर कारीकोट निवासी किसान रेशम सिंह एक ट्रैक्टर ट्रॉली गन्ना लेकर पहुंचे। उन्होंने तौल केंद्र जाने से पहले ट्रॉली की तौल गांव के धर्मकांटा पर करवाया था।
वहां ट्रॉली का वजन मय गन्ने 130 क्विंटल था लेकिन कारीकोट स्थित गन्ना तौल केंद्र पर ट्रॉली की तौल करने पर 125 क्विंटल निकला।
दलबीर सिंह और मुन्ना की ट्रैक्टर-ट्रॉली के गन्ने के वजन में भी पांच-पांच क्विंटल का अंतर था। इस पर किसान भड़क उठे। किसानों ने सुपरवाइजर पर घटतौली का आरोप लगाते हुए नारेबाजी कर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
सुपरवाइजर ने किसानों के प्रदर्शन और गन्ना तौल न करवाने की बात कहते हुए विभाग के उच्चाधिकारियों को सूचना दी। इसके बाद तौल कांटे पर ताला लगा दिया।