रुपईडीहा (बहराइच)। नेपाल में राजतंत्र की बहाली को लेकर छिड़ी लड़ाई अब सीमाओं को लांघकर भारतीय क्षेत्रों तक पहुंच रही है। मंगलवार को जिले के सीमावर्ती क्षेत्रों में नेपाल समर्थक संगठनों ने बाइक रैली निकालकर बड़ा प्रदर्शन किया। सैकड़ों की संख्या में जुटे प्रदर्शनकारियों ने नेपाल में फिर से राजशाही की मांग करते हुए जोरदार नारेबाजी की और भारत-नेपाल सीमा पर अपनी एकजुटता दिखाई। आंदोलन के कारण नेपाल जाने वाले ट्रक रुपईडीहा आईसीपी पर पूरे दिन खड़े रहे। जिससे सीमा पर वाहनों की लंबी कतार लगी रही। वहीं जाम भी राहगीर जूझते रहे।
नेपाल में राजतंत्र को समाप्त कर लोकतंत्र स्थापित किया गया था। लेकिन अब वहां के लोगों को लोकतंत्र रास नहीं आ रहा है। वहां फिर से राजतंत्र की बहाली की मांग उठ रही है। इसके लिए पूरे नेपाल मेंं जगह जगह आंदोलन हो रहे हैं। मंगलवार को हिंदू राष्ट्र व राजतंत्र समर्थकों ने भारतीय सीमा क्षेत्र के नेपालगंज उपमहा नगरपालिका बांकी बगिया के ऐतिहासिक रामलीला मैदान से बाइक रैली निकाली। इसमें आम लोगों के साथ ही साधू- संत भी शामिल हुए। यह रैली भेरी अस्पताल, ट्रैफिक चौक, बीपी चौक, धमबोझी होते हुए न्यू रोड से त्रिभुवन चौक पर पहुंचकर सभा में बदल गई। आंदोलन के संबंध में नेपाल के सांसद डॉ. धवल शमशेर राणा ने कहा कि हमारी संस्कृति, परंपरा और आस्था को बचाने के लिए हिंदू राष्ट्र की स्थापना जरूरी है। वहीं नेपाल राज्य संस्था के सदस्सय सत्यनारायण चौधरी ने कहा कि हिंदू राष्ट्र के बिना नेपाल की पहचान अधूरी है। मधई सिंह ने कहा कि हमें अपने गौरवशाली अतीत की ओर लौटना होगा। जबकि किशोर लामा ने कहा कि हम मन और धन से संघर्ष करेंगे।
दिन भर आईसीपी पर खड़े रहे वाहन
नेपाल में हो रहे इस आंदोलन का असर भारतीय व्यापार पर भी पड़ा। रुपईडीहा से नेपाल सामान ले जाने वाले ट्रैक पूरे दिन आईसीपी पर खड़े रहे। देरशाम आंदोलन समाप्त होने के बाद उन्हें नेपाल के अंदर प्रवेश दिया गया।
प्रवासी नेपाली भी बन रहे आंदोलन का हिस्सा
नेपाल के विभिन्न हिस्सों में महीनों से जारी यह आंदोलन अब नई गति पकड़ चुका है। पूर्व राजा ज्ञानेन्द्र के समर्थकों द्वारा लगातार रैलियां निकाली जा रही हैं और अब इस आंदोलन की लहर नेपाल के सीमावर्ती भारतीय जिलों में भी महसूस की जाने लगी है। सीमावर्ती क्षेत्रों में हुए इस प्रदर्शन ने साफ कर दिया है कि नेपाल के आम नागरिकों के साथ-साथ प्रवासी नेपाली भी इस मुहिम का हिस्सा बन चुके हैं।
सीमा सुरक्षा पर भारतीय एजेंसियां सतर्क
नेपाल में बढ़ते इस असंतोष और सीमावर्ती भारतीय क्षेत्रों में हो रहे प्रदर्शनों को देखते हुए भारतीय सुरक्षा एजेंसियां भी सतर्क हो गई हैं। बहराइच पुलिस और स्थानीय प्रशासन हालात पर पैनी नजर बनाए हुए है। हालांकि, अभी तक किसी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां नेपाल की घटनाओं पर लगातार नजर रख रही हैं।