कतर्नियाघाट संरक्षित वन क्षेत्र में मगरमच्छों के हमले की दो घटनाएं हुईं। कतर्नियाघाट इलाके में नाले के किनारे एक महिला और मोतीपुर क्षेत्र में एक युवक पर मगरमच्छ ने हमलाकर गंभीर रूप से घायल कर दिया। दोनों लोगों को ग्रामीणों ने किसी तरह मगरमच्छ से छुड़ाया। गंभीर हालत में महिला को जिला अस्पताल से ट्रॉमा सेंटर, लखनऊ रेफर किया गया है।
युवक का उपचार चल रहा है। कतर्नियाघाट संरक्षित वन क्षेत्र की बाजपुर बनकटी गांव निवासी शर्मावती (40) पत्नी नंदकिशोर मंगलवार सुबह खेत गई थी। गांव से जंगल सटा हुआ है। पास में ही गेरुआ नदी का एक नाला बहता है। शर्मावती नाले के निकट पहुंची तो झाड़ियों में छिपे मगरमच्छ ने उस पर हमला कर दिया। चीख सुनकर गांव के लोग दौड़े।
किसी तरह शर्मावती को मगरमच्छ से बचाया लेकिन तब वह गंभीर रूप से जख्मी हो चुकी थी। आनन फानन में महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मिहींपुरवा पहुंचाया गया जहां से डॉक्टरों ने हालत गंभीर देखकर शर्मावती को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान दोपहर बाद हालत बिगड़ने पर शर्मावती को ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया।
उधर गिलौला थाना अंतर्गत टेमड़िया गांव निवासी राम प्रसाद (35) पुत्र भाईलाल अपनी रिश्तेदारी में मोतीपुर क्षेत्र के गुलालपुरवा गांव गया था। मंगलवार सुबह वह गांव के निकट बहने वाले नाले के पास मौजूद था तभी मगरमच्छ ने हमला कर दिया। राम प्रसाद के शोर मचाने पर ग्रामीणों ने दौड़कर उसकी जान बचाई।
मगरमच्छ के हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। वन क्षेत्राधिकारी गयादीन ने कहा कि घायलों का इलाज चल रहा है। प्रार्थना पत्र लेकर मुआवजे की कार्रवाई की जाएगी।