जानकीनगर गांव में ग्रामीणों के खेतों पर भू माफिया काबिज हैं। इस मामले में ग्रामीणों ने शिकायत की थी। जिस पर शुक्रवार को एंटी भू माफिया टास्क फोर्स टीम के राजस्वकर्मी बिना पुलिस फोर्स के कब्जा हटवाने पहुंचे। भूमि की पैमाइश के दौरान जमीन पर कब्जा करने वाले माफिया ने टीम पर हमला कर दिया और असलहों का प्रदर्शन करते हुए हाथापाई की। मारपीट में एक लेखपाल घायल हो गया। अन्य कर्मियों ने भागकर जान बचाई। मामले की रिपोर्ट तहसीलदार को सौंपी गई है।
प्रदेश सरकार के निर्देश पर सभी तहसीलों में अवैध कब्जा हटवाने के लिए एंटी भू माफिया टास्क फोर्स का गठन हुआ है। उसी के तहत महसी तहसील में भी राजस्व निरीक्षक सुनील अवस्थी, महेंद्र मिश्रा की अगुवाई में पांच सदस्यीय टीम गठित है।
तहसील के जानकीनगर गांव से निरंतर भू माफिया के कब्जे की शिकायतें मिल रही थीं। इस पर सुबह राजस्व निरीक्षक की अगुवाई में राजस्वकर्मी गांव पहुंचे। ग्राम प्रधान रीता की मौजूदगी में जब जमीन की पैमाइश हो रही थी, तभी गांव निवासी रामचंद्र, बघऊ, सुरेश समेत 15 लोग कट्टा और धारदार हथियारों से लैस होकर मौके पर आ धमके और असलहों का प्रदर्शन करते हुए पैमाइश का विरोध कर टीम से हाथापाई करने लगे।
मारपीट में टीम के लेखपाल सुरेश चंद्र मौर्य घायल हो गए। जैसे-तैसे कर्मचारियों ने भागकर जान बचाई। तहसील पहुंचकर मामले की रिपोर्ट तहसीलदार राजेश कुमार मिश्रा को सौंपी गई है। तहसीलदार ने बताया कि सूचना मिली है। उच्चाधिकारियों को मामले से अवगत कराया गया है। हमलावरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाकर कार्रवाई करेंगे।
लेखपाल संघ के अध्यक्ष अनिरुद्ध मिश्रा ने कहा कि एंटी टास्क फोर्स में पुलिस भी शामिल है। लेकिन कम फोर्स का हवाला देकर सिपाही साथ में नहीं भेजे जाते। इसी के चलते आए दिन हमले की शिकायतें मिलती हैं। उन्होंने कहा कि नौ दिन पूर्व भी ऐसी घटना हो चुकी है। ऐसे में बिना पुलिस फोर्स के कब्जा हटवा पाना मुश्किल है। कार्रवाई न होने पर उन्होंने आंदोलन की भी चेतावनी दी है।