नानपारा (बहराइच)। किशोरी को अगवा करने फिर सर्कस कंपनी को बेचने के मामले में आखिरकार पुलिस ने सोमवार को पूर्व प्रधान समेत चार के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।
नानपारा कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत एक गांव की किशोरी (15) को 23 मार्च को स्कूल जाते समय नई बस्ती भोपतपुर गांव निवासी राजा बाबू उर्फ जियाउल और आलमीन फुसलाकर ने अगवा कर लिया था।
किशोरी का पता न चलने पर उसके पिता ने इस बाबत जियाउल व आलमीन को नामजद करते हुए 26 मार्च को कोतवाली में तहरीर दी।
इस बीच गांव के पूर्व प्रधान शहजाद अली ने किशोरी और जियाउल का फर्जी निकाहनामा तैयार करवा दिया। चार दिनों तक घर में नजरबंद रखने के बाद जियाउल किशोरी को लेकर बंबई चला गया।
जून में जियाउल किशोरी को नशे की हालत में लेकर सैय्यद सलार मसऊद गाजी की दरगाह पर लगने वाले जेठ मेले में पहुंचा। यहां उसने एक सर्कस कंपनी के मालिक के हाथ किशोरी को बेच दिया।
इसकी भनक जब लड़की के पिता को लगी तो उसने सर्कस कंपनी के मालिक के पास पहुंचकर व्यथा सुुनाई और उसकी चंगुल से बेटी को आजाद कराया।
किशोरी के पिता ने पूर्व ग्राम प्रधान शहजाद अली, जियाउल व उसके पिता अब्दुल सलाम व आलमीन के खिलाफ नगर कोतवाली में तहरीर दी लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
काफी प्रयास के बाद सोमवार को पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ अपहरण, धोखाधड़ी, रेप, मारपीट आदि की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। प्रभारी निरीक्षक वीके शुक्ला ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई तेज कर दी गई है।