बहराइच के मेडिकल कालेज में प्रदर्शन करते स्टाफ नर्स।
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बहराइच। मेडिकल कॉलेज के बालार्क ऋषि अस्पताल में तैनात सफाई कर्मचारियों ने गुरुवार की सुबह वेतन न मिलने और अन्य कमियों को लेकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। वहीं, नर्सों ने भी ड्यूटी में भेदभाव लगाने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन कर आक्रोश जताया। इससे अस्पताल में अफरातफरी का माहौल रहा। प्राचार्य व सीएमएस से वार्ता के बाद कर्मचारी शांत हुए। इसके बाद वे काम पर लौटे।
मेडिकल कॉलेज से संबद्ध बालार्क ऋषि चिकित्सालय में सफाई कर्मचारियों की तैनाती है। सफाई कर्मचारियों को हर माह 15 तारीख तक वेतन मिल जाता था। अप्रैल बीतने के बाद भी मार्च का वेतन नहीं मिला था। ऐसे में कर्मचारी गुरुवार की सुबह आक्रोशित उठे। उन्होंने सीएमएस कार्यालय के सामने प्रदर्शन शुरू कर दिया। उधर कर्मचारियों का प्रदर्शन जारी हुआ था कि अस्पताल में तैनात नर्सों ने भी कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया। न
र्सों का आरोप था कि कोरोना वार्ड में ड्यूटी लगाने में अस्पताल प्रबंधक रिजवान अहमद, बड़े बाबू शफीक और मैटर्न लक्ष्मी सिंह द्वारा भेदभाव किया जा रहा है। शफीक की तीन बेटियां यहां तैनात हैं। मगर कोरोना वार्ड में हम सभी की ही ड्यूटी लगाई जा रही है। कर्मचारियों के प्रदर्शन के कारण अफरातफरी का माहौल रहा। सूचना पाकर प्राचार्य एके साहनी व सीएमएस डॉक्टर सुरेश सिंह ने कर्मचारियों को बुलाकर बात की, जिसके बाद सभी शांत हो गए।
मामले की जानकारी लेकर करेंगे कार्रवाई
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य एके साहनी ने बताया कि सफाई कर्मचारियों के वेतन का पैसा अभी नहीं भेजा जा सका है। कुछ अभिलेखों की कमी है। एक से दो दिन के अंदर पैसा चला जाएगा। नर्सों की ओर से कर्मचारियों पर लगाए जा रहे आरोपों के बारे में सीएमएस से जानकारी ली जा रही है। इसके बाद जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।