बहराइच। तराई के मौसम में लगातार बदलाव का दौर जारी है। रविवार देर शाम तेज आंधी व बरसात आने से बहराइच के खैरीघाट अंतर्गत ग्राम ढकिया में पेड़ की डाल गिरने से मासूम की मौत हो गई, वहीं उसका भाई घायल हो गया। बरसात व आंधी से बिजली की आपूर्ति ठप हो गई।
कई जगहों पर टीनशेड व छप्पर उड़ गए। धूल भरी आंधी से लोग रास्ते में ही फंस गए। उधर श्रावस्ती में भी आंधी पानी से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया। तेज हवा से जहां खेतों में पड़ी गेहूं की फसल उड़ गई। बारिश से फसल की मड़ाई भी प्रभावित होगी।
बहराइच में रविवार को आई आंधी व बारिश से खैरीघाट के ग्राम ढकिया में पेड़ की डाल टूट कर गिर गई। इस दौरान वहां खेल रहे पंकज पुत्र बैजनाथ की डाल के नीचे दबने से मौत हो गई वहीं उसका भाई महेश घायल हो गया। हालत गंभीर होने के चलते उसे जिला चिकित्सालय से लखनऊ रेफर कर दिया गया है।
उधर कुछ दिनों पूर्व हुई बरसात के बाद दो दिनों से कड़ी धूप निकल रही थी। इससे लोगों को गर्मी का एहसास होने लगा था। इसी बीच रविवार की सुबह अचानक आसमान में तेज बादल उमड़ने लगे, मगर बरसात नहीं हुई। वहीं देर शाम पांच बजे के करीब अचानक तेज आंधी चलनी शुरू हो गई।
हवा की रफ्तार करीब बीस किलोमीटर प्रतिघंटे से भी अधिक थी। इससे लोगों की छतों पर सूख रहे कपड़े, सामान, टीनशेड, छप्पर आदि हवा में उड़ते दिखे। धूल भरी आंधी चलने के बाद देर रात अचानक बरसात शुरू हो गई। कई लोग आंधी में रास्ते में फंस गए। मौसम वैज्ञानिक डॉ. एमपी सिंह ने बताया कि मौसम में बदलाव के अभी और संकेत मिल रहे हैं। फसलों की सुरक्षा के प्रति किसान सचेत रहें।