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Bahraich: एंटी करप्शन टीम ने 15 हजार की घूस लेते लेखपाल को रंगे हाथ दबोचा, खेत पैमाइश के नाम पर मांगे थे पैसे

Fri, 08 Aug 2025 06:23 PM IST
भूपेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, बहराइच

सार

एंटी करप्शन टीम ने लेखपाल को 15 हजार की घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपी ने खेत पैमाइश के नाम पर पैसे मांगे थे। पीड़ित किसान ने गोंडा कार्यालय में शिकायत की थी। 
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पुलिस गिरफ्त में लेखपाल सरवर अली - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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यूपी के बहराइच में नानपारा तहसील में तैनात एक राजस्व लेखपाल को एंटी करप्शन टीम ने 15 हजार रुपये की घूस लेते रंगे हाथों पकड़ लिया। शुक्रवार दोपहर तहसील परिसर से उसे पकड़ा गया। पकड़े गए लेखपाल का नाम सरवर अली है। उसने मटेरा ब्लॉक के मोहरबा गांव में एक जमीन की पैमाइश और कब्जा दिलाने के बदले में ग्रामीण से रिश्वत मांगी थी।

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मोहरबा गांव निवासी देशराज ने बताया कि उसकी जमीन की नाप-जोख कराने और कब्जा दिलवाने के नाम पर लेखपाल सरवर अली ने 20 हजार रुपये घूस की मांग की थी। काफी मिन्नतों के बाद 15 हजार रुपये में सौदा तय हुआ। लेकिन, देशराज ने इस अन्याय को सहने की बजाय एंटी करप्शन ब्यूरो, गोंडा कार्यालय में शिकायत कर दी थी। 

एंटी करप्शन टीम ने रंगे हाथों पकड़ा

देशराज की शिकायत की पुष्टि के बाद एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने पूरी योजना बनाई। उसी योजना के तहत शुक्रवार को देशराज तय समय पर दोपहर करीब 2:20 बजे नानपारा तहसील पहुंचा। लेखपाल सरवर अली को 15 हजार रुपये घूस के रूप में दिए। जैसे ही पैसे लेखपाल के हाथ में पहुंचे। पास में मौजूद एंटी करप्शन टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। 

आरोपी लेखपाल की गिरफ्तारी के बाद एंटी करप्शन टीम ने लेखपाल को कोतवाली देहात लाकर कागजी कार्रवाई की। उसकी मेडिकल जांच कराई। कोतवाली देहात के प्रभारी निरीक्षक दद्दन सिंह ने बताया कि पकड़े गए लेखपाल सरवर अली को एंटी करप्शन टीम अपने साथ गोंडा लेकर रवाना हो गई। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा। 

अफसरों में हड़कंप... आम लोगों में संतोष

पकड़ा गया लेखपाल सरवर अली, श्रावस्ती के मल्हीपुर थाने के बैजनाथपुर महरू मुर्तिहा गांव का निवासी है। लेखपाल की गिरफ्तारी के बाद तहसील परिसर में अधिकारियों के बीच हड़कंप मच गया। वहीं दूसरी ओर आम लोगों और किसानों ने राहत की सांस ली है। उनका कहना है कि अगर ऐसे ही कार्रवाई होती रही तो घूसखोरी पर अंकुश लगेगा।

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