रुपईडीहा (बहराइच)। हिमाचल और गुजरात में काम कर रहे 33 नेपाली श्रमिक शनिवार सुबह रुपईडीहा थाने पहुंचे। सभी की स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जांच की। एक संदिग्ध श्रमिक को जिला मुख्यालय भेजा गया है। 32 लोगों को नरैनापुर स्थित शेल्टर होम में क्वारंटीन किया गया है।
नेपाल राष्ट्र के जिला बांके अंतर्गत राप्ती सुनारी निवासी 29 लोग हिमाचल प्रदेश में काम कर रहे थे। श्रमिक रूप सिंह, चंद्रबहादुर विष्ट और लाल बहादुर ने बताया कि सभी पल्लेदारी का काम करते थे। लॉकडाउन के दौरान जितना बजट था, वह खर्च हो गया। अब सरकार द्वारा चौथा लॉकडाउन लगाने की तैयारी की जा रही है।
इसको देखते हुए सभी बस से शनिवार सुबह रुपईडीहा थाने पहुंचे। गुजरात के द्वारिका से तीन श्रमिक रुपईडीहा पहुंचे। नरैनापुर गांव श्रमिक लखीमपुर से बार्डर पर पहुंचा। श्रमिकों की जांच के लिए पुलिस ने स्वास्थ्य टीम को सूचना दी। सीएचसी चरदा के डॉ. अर्चित श्रीवास्तव ने बताया कि 32 नेपाली श्रमिकों को जैतापुर मोड़ पांडेयनगर स्थित सीमावर्ती पीजी कालेज में क्वारंटीन कर किया गया है।
नरैनापुर गांव निवासी युवक मुंबई से लखीमपुर होते हुए रुपईडीहा पहुंचा है। उसे बुखार है। ऐसे में उसेे जिला मुख्यालय भेज दिया गया है।