जरवल (बहराइच)। जरवल नगर पंचायत के आठ सभासदों ने सूचना न मिलने पर सामूहिक इस्तीफा भेज दिया है। मुख्यमंत्री, सचिव, जिलाधिकारी समेत अन्य अधिकारियों को रजिस्ट्री द्वारा भेजे इस्तीफा में सभी ने अधिशासी अधिकारी की तैनाती समेत अन्य मामलों पर सवाल उठाए हैं।
जरवल नगर पंचायत में 13 वार्ड हैं। इनमें से आठ वार्ड के सभासदों ने रजिस्ट्री के माध्यम से सामूहिक इस्तीफा मुख्यमंत्री, सचिव, जिलाधिकारी समेत अन्य अधिकारियों को भेज दिया है।
मुख्यमंत्री व अधिकारियों को भेजे इस्तीफे में सभासदों का कहना है कि 10 अगस्त व 18 अगस्त को पत्र देकर आठ बिंदुओं पर सूचना अधिशासी अधिकारी संतोष कुमार चौधरी से मांगी गई थी। लेकिन उन्होंने सूचना नहीं उपलब्ध करायी।
ईओ से मांगी सूचना में सभासदों ने निकाय प्रशासन के आय व्यय का ब्यौरा, नगर पंचायत में ठेके पर आउटसोर्सिंग से रखे गए कर्मचारियों की जानकारी, अप्रैल से अब तक वेतन का भुगतान, नगर में ठेके पर काम कर रहे कर्मचारियों की संख्या व टेंडर की तिथि, कर्मचारियों को मिलने वाले वेतन की छाया प्रति व मद समेत आठ बिंदुओं पर जानकारी मांगी, लेकिन जानकारी उपलब्ध नहीं करायी गयी।
तीन साल से जमे अधिशासी अधिकारी पर कार्रवाई की मांग की। आठ सभासदों द्वारा कंडीशनल इस्तीफा देेने से निकाय प्रशासन में हड़कंप मच गया है।
बाहर होने के कारण जानकारी नहीं
ट्रेनिंग के लिए लखनऊ में हूं। इस्तीफे की जानकारी नहीं है। जरवल पहुंचने पर जानकारी की जाएगी। इसके बाद ही कुछ बता सकेंगे।
-संतोष कुमार चौधरी, अधिशासी अधिकारी
इन सभासदों ने दिया इस्तीफा
जरवल नगर पंचायत के कटरा उत्तरी मोहल्ले से वकील अहमद, तकिया से नादरा बेगम, अहमदशाह नगर से शारिब अहमद, अग्रवाल मोहल्ला से इबरार, बाजदारी से अफजाल अहमद, कृष्णानगर से कोमललता गुप्ता, चौक से चंदा बानो और शकील अहमद ने इस्तीफा भेजा है।