बहराइच। लोकसभा चुनाव में शांति और सुरक्षा के मद्देनजर सीमावर्ती जंगल से सटे इलाकों और नदियों के रास्तों पर सोमवार को कड़ी चौकसी रहेगी। पुलिस और पीएसी के जवान मोटरसाइकिल व नाव से पेट्रोलिंग करेंगे। 24 दस्तों को नेपाल से सटे जंगल व नदी के रास्तों पर मुस्तैद किया गया है।
चुनाव में इस बार सुरक्षा तंत्र कोई भी कोताही नहीं बरतना चाहता। इसके चलते जंगल व नदियों की भी निगरानी की जायेगी।
जिले की 100 किलोमीटर की सीमा नेपाल से सटी हुई है। 55 किलोमीटर घना जंगल क्षेत्र है। कर्तनियाघाट संरक्षित वन क्षेत्र भी सीमा से सटा हुआ है। इसके अलावा नेपाल के पहाड़ों से निकलकर भारतीय सीमा क्षेत्र में प्रवेश करने वाली गेरुवा, कौड़ियाला नदियां भी बहती हैं। घने जंगलों और नदियों के रास्ते लोकसभा चुनाव में खलल डालने के लिए अराजक तत्व जिले में प्रवेश कर सकते हैं। इस आशंका के मद्देनजर इस बार कड़ी व्यूह रचना की गई है।
सोमवार सुबह 07 बजे से वोटिंग शुरु होगी। ऐसे में नेपाल की खुली सीमा से सटे जंगलों के पगडंडी वाले रास्तों व नदियों में विशेष सुरक्षा दस्तों को तैनात किया गया है। इसमें पुलिस व पीएसी के जवान शामिल हैं। चुनाव सेल प्रभारी अपर पुलिस अधीक्षक अजय प्रताप सिंह ने बताया कि सुरक्षाकर्मी जंगली क्षेत्र में पगडंडियों पर गश्त करेंगे।
इसके अलावा घाघरा, गेरुवा और कौड़ियाला नदियों में मोटरबोट व नाव के सहारे मोबाइल सुरक्षा टीमें जिले की निगरानी करेंगी। किसी भी संदिग्ध व्यक्ति के दिखायी पड़ने पर उसकी सघन तलाशी होगी। मोबाइल टीम उसका ब्यौरा भी दर्ज करेगी।
चुनाव के मद्देनजर पड़ोसी जनपदों से सटी जिले की सीमा सील कर दी गई है। पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर ने बताया कि बहराइच की सीमा गोंडा, बलरामपुर, बाराबंकी, लखीमपुर और सीतापुर जिले से सटी हुई है। नेपाल से आवागमन शनिवार को ही बंद कर दिया गया है। लेकिन पड़ोसी जनपदों की सीमाओं पर कड़ी चौकसी बरती जा रही है।
जरवलरोड में झुकिया में स्टेटिक बैरियर पर जिले में प्रवेश करने वालों पर निगरानी होगी। इसके अलावा सीतापुर से नदी के रास्ते आने वाले लोगों पर चहलारीघाट और बौंडी में तैनात पुलिस मोबाइल टीम नजर रखेगी। लखीमपुर से आने वाले लोगों पर जालिमनगर पुल पर नजर रखी जाएगी। वाहनों की सघन तलाशी होगी। लोगों को जिले की सीमाओं में प्रवेश करने पर रोक नहीं होगी। लेकिन उन पर पूरी नजर रखी जाएगी। जिससे कि जरूरतरमंदों की आड़ में अराजक तत्व जिले की सीमा में प्रवेश न कर सकें।