रटौल पुलिस चौकी पर धरना देकर प्रदर्शन करते भाकियू अंबावता के कार्यकर्ता। संवाद
रटौल। भाकियू अम्बावता के कार्यकर्ता शनिवार को पुलिस कर्मियों पर अवैध वसूली करने का आरोप लगाकर रटौल चौकी पर धरना देकर बैठ गए। वहां कई घंटे तक चौकी में हंगामा चलता रहा। काेतवाली प्रभारी ने जांच कराने का आश्वासन देकर धरना समाप्त कराया।
भाकियू अम्बावता के जिलाध्यक्ष मनोज चौधरी ने बताया कि बकरीद पर कुर्बानी करने पर रटौल चौकी पर तैनात पुलिसकर्मी जिला उपाध्यक्ष शोएब और उसके पिता अकबर को पकड़कर ले गए। चौकी में बंद करने के बाद दोनों को छोड़ने के लिए एक लाख रुपये की मांग की गई।
इसके बाद तीस हजार रुपये लेकर छोड़े गए। इसकी शिकायत अधिकारियों से करने की चेतावनी दी गई तो चौकी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने शोएब पर बयान बदलने का दबाव बनाया। इससे परेशान होकर शोएब अपने परिवार के साथ घर छोड़कर कहीं चला गया। चौकी पर धरने पर बैठे कार्यकर्ताओं ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी भी की।
इसके बाद वहां पहुंचे कोतवाली प्रभारी ने उनकी समस्याएं सुनी और समाधान कराने का आश्वासन दिया। किसानों ने एसपी के नाम संबोधित एक ज्ञापन भी सौंपा। खेकड़ा पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच शुरू करा दी गई है, इसमें जांच कर अधिकारियों को रिपोर्ट भेज दी जाएगी। वहीं धरना देने वालों में अनिल चौधरी, विनीत बैसला, नसीम अहमद, रमन सिंह, पवन प्रधान, अमित यादव, मनोज यादव, मोनू पंडित समेत अन्य मौजूद रहे।