बागपत में फरीद की हत्या होने के बाद भी अभी तक यह पता नहीं चला है कि आखिरकार रफीक सिपाही के घर पर अपने साथियों को लेकर क्यों पहुंचा ? उसका इरादा क्या था ? इसको लेकर शहर में तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं। मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी रफीक अग्रवाल मंडी टटीरी के व्यापारी विष्णु मित्तल से दस लाख रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में जेल गया था।
फिलहाल जमानत पर छूटा हुआ है। बताया जाता है उसका बुधवार शाम कांस्टेबल रघुवीर से किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। लोगों ने वहां पर पहुंचकर बीच-बचाव करा दिया था। सिपाही अपने कमरे पर पहुंच गया था, लेकिन कुछ देर बाद ही रफीक अपने साथियों के साथ वहां पर पहुंच गया। इस दौरान वहां पर गोली चली। इसमें युवक फरीद की मौत हो गई।
आखिरकार रफीक सिपाही के घर पर अपने साथियों को लेकर क्यों पहुंचा? ऐसा वहां क्या हुआ कि सिपाही ने गोली चला दी ? यह सवाल अभी भी लोगों के जहन में उठ रहा है। सीओ कर्मवीर सिंह ने कहा मामले की जांच चल रही है। अभी इस बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता है।