तहसील में चकबंदी में धांधली को लेकर बामनौली गांव के लोगों के चल रहे धरने और आमरण अनशन में अनशनकारियों की हालत बिगड़ने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जांच की। इनमें से एक को गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर किया।
धरना स्थल पर ग्रामीणों के बीच चकबंदी सीओ पहुंचे और उन्होंने बातचीत की, लेकिन वार्ता विफल रही। किसानों का धरना और आमरण अनशन शनिवार को भी जारी रहा।
बामनौली में चकबंदी में धांधली को लेकर वहां के लोग विगत तीन दिन से तहसील में धरने पर बैठे हैं और तीन परिवार के लोग आमरण अनशन पर है। शनिवार को भी उनका धरना और आमरण अनशन जारी रहा। शनिवार को श्याम सिंह पुत्र खजान सिंह और प्रकाशी देवी पत्नी अतर सिंह की हालत बिगड़ने पर अधिकारियों में हड़कंप मच गया।
स्वास्थ्य विभाग की टीम अनशन स्थल पर बुलाई और आमरण अनशन पर बैठी प्रकाशी देवी, रामबीर सिंह, मनोज कुमार, राज कुमार, राम कुमार, भूपेंद्र, महक सिंह, श्याम सिंह का स्वास्थ्य परीक्षण किया।
इनमें से हाल गंभीर होने पर श्याम सिंह को जिला अस्पताल रेफर किया। जबकि प्रकाशी देवी की हालत बिगड़ी हुई थी, लेकिन लिाज करने के बाद वहीं धरनास्थल पर ही छोड़ दिया।
धरनास्थल पर किसानों के बीच चकबंदी सीओ मंजू लता पहुंची और उन्होंने आश्वासन देने का प्रयास किया, लेकिन वार्ता विफल रही और धरना और आमरण-अनशन जारी रहा।
गशनिवार को देर शाम लावा लश्कर के साथ एडीएम धर्मपाल सिंह बड़ौत तहसील परिसर में अनशन स्थल पर किसानों के बीच पहुंचे। इस दौरान उनकी देर रात्रि तक वार्ता चली, अभी तक कोई निर्णय नहीं हुआ। धरनास्थल पर राम रोशन, विजय चौधरी, राजेश चौधरी, कमल कुमार, राम कुमार, राज कुमार, बबलू, पवन, बिशन हट्टी, अनिल, बबलू आदि रहे।