संवाद न्यूज एजेंसी
दोघट। गांगनौली गांव की बड़ी मस्जिद परिसर में बने कमरे में शनिवार दोपहर को पंद्रह मिनट में तीन हत्या कर दी गईं। उसके खुलासे में लगी सात टीमों ने अलग-अलग बिंदुओं पर काम किया और छह घंटे में आरोपी किशोरों को पकड़कर हत्याकांड का खुलासा कर दिया। पहले पुलिस ने पूछताछ की तो दोनों आरोपी काफी देर तक झूठ बोलते रहे। इसके बाद सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में खुद को देखने के बाद सच्चाई उगल दी।
तिहरे हत्याकांड में गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों में से एक आरोपी शनिवार दोपहर 12 बजकर 50 मिनट पर बड़ी मस्जिद में पहुंचा और सीसीटीवी कैमरे बंद कर दिए। इसके बाद दोनों आरोपी मस्जिद में छत पर कमरे में मुफ्ती की पत्नी इसराना और दो बेटियों की हत्या करने के बाद करीब एक बजकर पांच मिनट पर वहां से भाग गए।
दोपहर दो बजकर 40 मिनट पर मस्जिद के पास रहने वाली एक बच्ची अपनी मां का फोन चोरी होने पर सीसीटीवी कैमरे की फुटेज देखने के लिए वहां आई, तभी एक आरोपी भी वहां आ गया और उसने बंद सीसीटीवी कैमरे को दोबारा चालू कर दिया। उसने बच्ची को भी यह कहकर वापस भेज दिया कि वहां कोई नहीं है। तिहरे हत्याकांड की जांच में जुटी पुलिस को सीसीटीवी कैमरे बंद करने से पहले और कैमरे चालू होने के बाद की फुटेज में नजर आने पर शक गहरा गया। पुलिस ने उन्हें पकड़कर थाने लाकर पूछताछ शुरू की तो पहले दोनों झूठ बोलते रहे। बाद में हत्याकांड को अंजाम देने की सच्चाई बताकर चाकू भी बरामद कराया।