बागपत के बालैनी क्षेत्र के गांव दत्तनगर में युवक की पिटाई पर बखेड़ा हो गया। पुलिस ने शराब के ठेके के पास खड़े युवक को जबरन गाड़ी में डालकर ले जाने की कोशिश की। खाकी के रवैये के विरोध में ग्रामीणों के उनकी गाड़ी के आगे लेटकर उसको छोड़ने की मांग की। प्रदर्शनकारियों की मांग को पुलिस ने मानने से इंकार कर दिया। आरोप है कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर गाड़ी चढ़ाने की कोशिश की। इससे गुस्साए लोगों ने पुलिस की पिटाई कर दी। पुलिस वालों ने भागकर अपनी जान बचाई।
दत्तनगर गांव में रविवार की रात करीब 7.30 बजे युवक सुनील शराब के ठेके के पास खड़ा था। इसी दौरान वहां पर पुलिस की गाड़ी पहुंची। पुलिस वाले युवक को अपने साथ जबरन गाड़ी में ले जाने लगे। ग्रामीणों ने उसको छोड़ने का आग्रह किया। पुलिस वालों की अनसुनी पर ग्रामीणों का पारा चढ़ गया। प्रदर्शनकारी पुलिस वालों की गाड़ी के आगे लेट गए। आरोप है कि पुलिस वालों ने गाड़ी को उनके ऊपर चढ़ाने का प्रयास किया। इससे क्षुब्ध होकर लोगों ने पुलिस वालों के साथ मारपीट प्रारंभ कर दी। पुलिस वाले किसी तरह से अपनी गाड़ी के साथ भागे। लोगों ने कहा कि पुलिस अवैध वसूली करती है। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि आए दिन लोगों को अपने साथ ले जाती है। आरोप है कि इसके बाद सुविधा शुल्क लेकर छोड़ दिया जाता है। इससे वे काफी परेशान हैं। इस संबंध में बालैनी थानाध्यक्ष राजपाल सिंह ने कहा कि उनकी पुलिस गाड़ी गांव में नहीं गई है। वहां पर कोई ओर गाड़ी पहुंची होगी। उधर, ग्राम प्रधान के पति संजय गिरि का कहना है कि पुलिस आए दिन किसी न किसी को बेवजह परेशान करती रहती है। इस संबंध में अफसरों को अवगत कराया जाएगा।