बागपत। अदालत ने बासौली गांव में किशोर की हत्या के आरोपी की जमानत याचिका नामंजूर कर दी है। उसने साथियों संग मिलकर घटना को अंजाम दिया था। इसके बाद बवाल हो गया तथा भीड़ ने दो आरोपियों को पीटकर मार डाला था।
जिला शासकीय अधिवक्ता सुनील पंवार ने बताया कि बासौली गांव निवासी पदम कुमार ने 1 जून 2021 को रमाला थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें कहा था कि बीती 31 मई की रात उसके चाचा ओमप्रकाश आटा चक्की चलाते हैं। वहां आटे को लेकर हुए विवाद में निशांत ने अपने चार-पांच साथियों संग मिलकर मारपीट की। उसके अगले दिन दोबारा से निशांत, हिमांशु उर्फ भूरा, विशु, विशाल, रितिक, मोहित, शुभम, नितिन, मनप्रीत समेत अन्य कई युवक उनके घर में आकर मारपीट करने लगे। इस दौरान पदम कुमार के बेटे शेखर के सिर में गोली मार दी गई। उसकी मौके पर मौत हो गई। इसके बाद वहां भीड़ ने दो हमलावरों को पीटकर मार डाला था। इस मामले में पदम कुमार की ओर से दर्ज कराए मुकदमे में निशांत व हिमांशु के परिजन भी षड्य़ंत्र रचने में आरोपी बनाए गए थे। पुलिस ने आरोपियों को जेल भेज दिया था। हिमांशु की जमानत के लिए कोर्ट में याचिका दायर की गई। डीजीसी सुनील पंवार ने बताया कि उसकी जमानत अर्जी पर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधीर कुमार की कोर्ट में सुनवाई हुई और हिमांशु की जमानत अर्जी नामंजूर की गई।