बागपत के बड़ौत के पट्टी चौधरान में रंजिश के चलते एक छात्र की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। एसपी, सीओ व पुलिस बल मौके पर पहुंचा। मृतक की मां ने जेल मे बंद एक युवक समेत तीन लोगों के नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई है।
प्रतीक लांबा पुत्र विकास मूल रूप से जिवाना थाना रमाला का रहने वाला था। वह अर्जुनपुरम में रह रहा था। कालंदी कॉलेज मे बीए काम प्रथम वर्ष के छात्र प्रतीक के पिता विकास दिल्ली पुलिस लाइन मे कांस्टेबल पद पर तैनात हैं। शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे प्रतीक घर में चल रहे निर्माण कार्य के लिए सामान लेने बाइक से बाजार के लिए चला था।
रास्ते में उसने देवनगर में बाइक में तेल डलवाया। पुलिस के मुताबिक, वहीं से मोहित व लक्ष्य नामक युवक उसकी बाइक पर सवार हो गए। कुछ आगे जाते ही उन्होंने तमंचों से उस पर गोलियां चला दीं। एक गोली उसकी कनपटी में लगी और अंदर ही फंस गई। दूसरी गोली प्रतीक की पीठ पर लगी। वह लहूलुहान होकर वहीं पर गिर गया। दोनों युवक तमंचा लहराते हुए भाग निकले।
दिनदहाडे़ हुए इस हत्याकांड से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। आसपास के दुकानदार शटर बंद करके भाग निकले। सूचना पर पहुंची पुलिस ने प्रतीक को एक निजी अस्पताल में भर्ती करया। वहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। सूचना पर एसपी पूनम, सीओ सीपी सिंह, सीओ रमाला राजवीर सिंह समेत कोतवाली पुलिस अस्पताल पहुंची। उन्होंने परिजनों से घटनाक्रम की जानकारी ली।
पुलिस ने प्रतीक का मोबाइल कब्जे में ले लिया है। वारदात से पूर्व उसके पास किसी का फोन आया था। पुलिस ने कॉल डिटेल निकाली। बाद में प्रतीक लांबा की मां रेखा ने मोहित पुत्र कुंवरपाल गोविंदपुरी बड़ौत, लक्ष्य पुत्र सहदेव निवासी देशूपट्टी बावली, जेल में बंद लव पुत्र अनिल पट्टी चौधरान बड़ौत को नामजद कराते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई। रेखा कासिमपुर खेड़ी में प्राथमिक विद्यालय में शिक्षिका हैं।
प्रतीक लांबा परिवार का इकलौता बेटा था। उसकी मां रेखा और महिलाओं को रोते-रोते बुरा हाल था। प्रतीक की एक बड़ी बहन है।
एसपी पूनम ने बताया कि आरोपियों की तलाश में लगातार छापे मारे जा रहे हैं। कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। वहीं जेल मेें बंद लव से पूछताछ के लिए मेरठ पुलिस की टीम भेजी गई है।
जेल में बंद लव पर साजिश का आरोप
प्रतीक लांबा का हत्या में नामजद युवकों से कुछ माह पूर्व झगड़ा हुआ था। उस समय सामाजिक तौर पर फैसला करा दिया गया था। दूसरी ओर, लव ने दो माह पूर्व बावली रोड निवासी श्रवण पर गोली चलाई थी, लेकिन वह बच गया था। इसी मामले मेें लव जेल मेें बंद है। लव को आशंका थी कि प्रतीक लांबा इस मामले में श्रवण का साथ दे रहा है। आरोप है कि उसने जेल में रहते हुए ही मोहित व लक्ष्य को प्रतीक की हत्या करने के लिए तैयार किया था।