खेकड़ा/चांदीनगर। क्षेत्र में जानलेवा बुखार का कहर जारी है। रविवार को खेकड़ा एवं चांदीनगर क्षेत्र में तीन महिलाओं समेत सात लोगों की मौत हो गई।
गांव फखरपुर निवासी इंद्रपाल सिंह (50) और रेशमा (40) को चार दिन से बुखार था। परिजन गांव में ही प्राइवेट चिकित्सकों से उनका उपचार करा रहे थे। इंद्रपाल सिंह की शनिवार देर शाम हालत अधिक बिगड़ने पर परिजनों ने मेरठ अस्पताल में भर्ती कराया। वहां उसकी रविवार को मौत हो गई। वहीं, रेशमा की भी मौत हो गई। परिजनों ने बिना जांच कराए उनका अंतिम संस्कार कर दिया। वहीं, गांव सांकरौद निवासी कंवरपाल (45) को पांच दिन से बुखार था। परिजन उसका खेकड़ा में निजी चिकित्सक से उपचार करा रहे थे। उसकी भी मौत हो गई।
उधर, चांदीनगर के रटौल गांव में बुखार से गर्भवती पिंकी (32) पत्नी मोनू सैनी की बुखार से मौत हो गई। वह पांच दिन से पीड़ित थी। उसका इलाज खेकड़ा के निजी चिकित्सक से कराया जा रहा था। वहीं, रटौल निवासी हमीदा (60) पत्नी इरफान पिछले तीन दिन से बुखार से पीड़ित थी। उसकी भी सुबह में मौत हो गई। उधर, शनिवार देर रात पूरनपुर नवादा गांव में करीब 15 दिन से बुखार से पीड़ित लीले (50) उर्फ फकीरू व चरण (60) पुत्र रूपचंद की मौत हो गई। परिजनों ने मौत का कारण ऑक्सीजन की कमी होना बताया है। वहीं, ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से जल्द कैंप लगाकर लोगों की जांच कराने की मांग की है। उधर, कोविड अस्पताल के प्रभारी डॉ. ताहिर का कहना है कि उन्हें इस बारे में जानकारी नहीं है। स्वास्थ्यकर्मियों को भेजकर जानकारी कराई जाएगी।