छपरौली थाने पर एसआई द्वारा अवैध वसूली की शिकायत करते पीड़ित पक्ष के लोग
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बागपत के छपरौली में राष्ट्रीय जाट संरक्षण समिति के पदाधिकारी बड़ौत-छपरौली-टांडा के रास्ते पानीपत जा रहे थे। उनकी एक गाड़ी पर पोस्टर लगा था। उन्होंने आरोप लगाया कि टांडा चौकी पर तैनात एसआई ने इसे चुनाव आचार संहिता का उलंघन बताते उनसे 10 हजार रुपये हड़प लिये। इसके बाद भी एसआई ने दबंगई दिखाई तो विरोध बढ गया । पीड़ित पक्ष ने पहले टांडा चौकी और बाद में छपरौली थाने में रिश्वतखोरी के खिलाफ जमकर हंगामा किया। उन्होंने पुलिस को जमकर खरी-खोटी सुनाई।
राष्ट्रीय जाट संरक्षण समिति अध्यक्ष विपिन सिंह बालियान व प्रदेश महासचिव विनय तोमर संगठन सदस्यों के साथ पानीपत जा रहे थे। उनकी एक गाड़ी पर पोस्टर लगा था। उनका आरोप है कि टांडा चौकी पर तैनात एसआई सूरजभान ने इसे चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन बताते वहां से गुजरने वाले सभी वाहनों के साथ उनसे भी 10 हजार रुपये की अवैध वसूली की। पीड़ितों का दावा है कि एसआई ने उनसे कहा कि यह पैसा इंस्पेक्टर छपरौली के लिए जमा किया जा रहा है। समिति पदाधिकारियों का कहना है कि जब उन्होंने बताया कि वे गैर राजनीतिक संगठन से हैं और पोस्टर से चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन नहीं होता तो चौकी इंचार्ज ने दबंगई दिखानी शुरू कर दी।
इसके बाद पदाधिकारियों ने टांडा चौकी में पुलिस के खिलाफ हंगामा किया। उन्होंने एसआई को जमकर खरी-खोटी सुनाई। उसके बाद वे छपरौली थाने पहुंचे और इंस्पेक्टर से एसआई की शिकायत की। इन लोगों ने थाने में हंगामा भी किया। पदाधिकारियों ने पुलिस को सौंपी लिखित शिकायत में कहा कि चौकी इंचार्ज सूरजभान ने उनके साथ-साथ अमित तोमर लोहड्डा, संजीता टांडा, नौशाद त्यागी टांडा, दिशान कस्बा छपरौली तथा विरेंद्र त्यागी से अवैध वसूली की। इंस्पेक्टर दिनेश वशिष्ठ ने दरोगा को जमकर हड़काया। एसएसआई चितवन का कहना है कि शमन शुल्क की वसूली को लेकर विवाद था। बाद में इसे सुलझा लिया गया।