खेकड़ा। श्री पार्श्वनाथ अतिशय क्षेत्र प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर बड़ागांव में आचार्य श्री 108 ज्ञान सागर महाराज ससंघ के सानिध्य में चल रहे श्री 1008 पार्श्वनाथ निर्वाण महोत्सव का निर्वाण लड्डू चढ़ाने और श्री जी की रथ यात्रा मन मोहक ढंग से निकालने के साथ ही समापन हो गया।
श्री पार्श्वनाथ अतिशय क्षेत्र बड़ागांव स्थित प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर में आचार्य श्री 108 ज्ञान सागर जी महाराज ससंघ के सानिध्य में चल रहे दो दिवसीय श्री 1008 भगवान पार्श्वनाथ निर्वाण महोत्सव का मंगलवार को समापन हो गया। सोमवार की रात्रि 8 बजे सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ पूजा अर्चना कर मंदिर कमेटी के अध्यक्ष गजराज गंगवान ने किया।
उन्होंने कहा साधु संतों की संगति में रह धर्म मार्ग पर चलने से ही मनुष्य का कल्याण संभव है। सभी को उनके दिखाए मार्ग पर चल अपने जीवन को सुखदायी बनाना चाहिए। कलाकारों ने भगवान पार्श्वनाथ के जीवन पर आधारित मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति से सभी को भाव विभोर कर दिया। साथ ही काव्य गोष्ठी में कवियों ने श्री जी को समर्पित अपनी कविताएं सुनाई। इस दौरान भक्त भाव विभोर हो झूम उठे।
मंगलवार को सुबह 5 बजकर 55 मिनट पर मंदिर में श्री जी के समक्ष भक्तों ने निर्वाण का 108 किलो का लड्डू चढ़ाया और फिर विधान का आयोजन हुआ। साथ ही अभिनंदन समारोह में आगंतुकों को सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन निशांत जैन और दिनेश जैन ने किया।
इसके बाद सुबह 10 बजे मंदिर से बैंडबाजों, भजन कीर्तन मंडली के साथ श्री जी की रथ यात्रा शुरू हुई। जो त्रिलोक तीर्थ मंदिर आदि से होते हुए साधुवृत्ति आश्रम में पांडुक शिला मैदान में पहुंची। वहां पूजा अर्चना कर वापस प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर में आकर समाप्त हो गई।
कार्यक्रम में प्रवीण जैन, श्रीपाल जैन, बलबीर सिंह जैन, जिनेश्वर प्रसाद जैन, पंडित धनराज जैन, सुभाष चंद जैन, प्रमोद कुमार जैन, रमेश चंद जैन, अरुण कुमार जैन, सुनील जैन, जयचंद जैन, नरेश जैन, राहुल जैन, नवीन जैन, हंसराज जैन, राकेश कुमार जैन, सुरेश चंद जैन, मुकेश जैन, आकाश जैन, संजय जैन, दीपक जैन, अमित जैन समेत विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालु मौजूद रहे।